तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (टीएमबीयू) से जुड़े पूरनमल बजोरिया टीचर ट्रेनिंग कॉलेज के छात्रों ने कॉलेज पर मार्कशीट और प्रोविजनल सर्टिफिकेट देने के एवज में 2500 रुपये मांगने का आरोप लगाया है। चंपानगर के नगरकोठी में स्थित इस कॉलेज के सत्र 2024-26 के छात्रों ने विश्वविद्यालय के कुलपति, परीक्षा नियंत्रक और डीएसडब्ल्यू को एक लिखित शिकायत दी है।
छात्रों का कहना है कि विश्वविद्यालय द्वारा परीक्षा रिजल्ट जारी करने के बाद भी कॉलेज ने जरूरी दस्तावेज रोक रखे हैं। छात्र पैसों की तंगी के कारण 2500 रुपये देने में असमर्थ हैं और कॉलेज उन्हें सर्टिफिकेट देने से मना कर रहा है। इस देरी के कारण छात्रों की चिंता बढ़ गई है, क्योंकि
बिहार एसटीईटी और बीपीएसटीईटी-4 परीक्षा के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और रजिस्ट्रेशन के लिए ये दस्तावेज अनिवार्य हैं।
सूरज प्रताप, दुर्गा कुमारी और चंदा भानु नामक छात्रों द्वारा हस्ताक्षरित इस शिकायत में विश्वविद्यालय प्रशासन से जांच करने और कॉलेज को तुरंत दस्तावेज देने का निर्देश देने की मांग की गई है। इस पर कॉलेज के प्रिंसिपल राजेश कुमार वर्मा ने इन आरोपों को निराधार बताया है। वर्मा ने कहा कि कॉलेज सर्टिफिकेट देने के लिए तैयार है और उन्होंने 2500 रुपये की फीस लेने से इनकार किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी फीस मैनेजमेंट द्वारा तय की जाती है और फीस देने वाले हर छात्र को आधिकारिक रसीद दी जाती है।