भागलपुर में 98 लाख 12 हजार 773 रुपये के बड़े वेतन फर्जीवाड़े मामले में जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) चंदन कुमार और जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) स्थापना शशि चंदन चौधरी को सस्पेंड कर दिया गया है।
मुख्य बातें:
- तनश्री नामक शिक्षक को फर्जी तरीके से वेतन भुगतान का मामला सामने आया।
- शिक्षा विभाग के प्रशासन निदेशक विजय कुमार पांडे ने निलंबन आदेश जारी किया।
- भागलपुर जिला मजिस्ट्रेट द्वारा 9 अक्टूबर 2026 को सौंपी गई जांच रिपोर्ट पर कार्रवाई हुई।
सुल्तानगंज ब्लॉक में तैनात बताई गई फर्जी शिक्षिका को मानव संसाधन प्रबंधन प्रणाली (HRMS) पोर्टल के माध्यम से फंड ट्रांसफर किया गया था। इन गड़बड़ियों की पहचान होने के बाद जोगसर पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई। जिला मजिस्ट्रेट डॉ. अलंकारिता Pandey ने पुष्टि की कि विभाग ने उनके द्वारा अग्रेषित जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की है।
DEO चंदन कुमार को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है और निलंबन की अवधि के दौरान उनका मुख्यालय क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक, पूर्णिया प्रमंडल का कार्यालय तय किया गया है।
DPO शशि चंदन चौधरी को जोगसर पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर के सिलसिले में उनकी गिरफ्तारी की तारीख 9 अक्टूबर 2026 से सस्पेंड किया गया है। उनका मुख्यालय क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक, दरभंगा प्रमंडल का कार्यालय बनाया गया है।
शिक्षा विभाग आगे की विभागीय कार्यवाही शुरू करने के लिए दोनों अधिकारियों के खिलाफ औपचारिक चार्जशीट जारी करने की योजना बना रहा है। यह पता लगाने के लिए जांच जारी है कि सत्यापन प्रक्रिया को कैसे दरकिनार किया गया और सार्वजनिक धन की मंजूरी तथा वितरण में शामिल अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका क्या थी। विभाग ने यह भी बताया कि वर्तमान निलंबन कोई अंतिम फैसला नहीं है, क्योंकि आगे की विभागीय और कानूनी जांच अभी चल रही है।