धनतेरस पर 600 करोड़ के कारोबार से चमका भागलपुर, गाड़ियों से लेकर गहनों तक की भारी बिक्री

धनतेरस पर भागलपुर के बाजारों में उमड़ी भारी भीड़, ऑटोमोबाइल और सर्राफा बाजार में हुआ करोड़ों का व्यापार।

Puja Singh6 November 20262 min read0 viewsCity Local
धनतेरस पर 600 करोड़ के कारोबार से चमका भागलपुर, गाड़ियों से लेकर गहनों तक की भारी बिक्री

सिल्क सिटी भागलपुर में धनतेरस का त्योहार इस बार जबरदस्त रौनक लेकर आया। सुबह के शुभ मुहूर्त से ही शहर के मुख्य बाजारों से लेकर ग्रामीण इलाकों तक खरीदारों का सैलाब उमड़ पड़ा। आलम यह था कि सर्राफा, बर्तन, ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स शोरूम्स में पैर रखने तक की जगह नहीं थी। ईस्टर्न बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज और स्थानीय व्यापारियों के अनुमान के मुताबिक, इस बार जिले में करीब 500 से 600 करोड़ रुपये का बंपर कारोबार हुआ है।

सोने-चांदी और बर्तनों की रिकॉर्ड खरीदारी

महंगाई के बावजूद लोगों ने खरीदारी में कोई कमी नहीं आने दी। ज्वेलरी शोरूम्स में महिलाओं की लंबी कतारें देखी गईं, जहां कई लोग प्री-बुकिंग कराए गए गहनों की डिलीवरी ले रहे थे। बाजार में 24 कैरेट सोने का भाव 1,48,000 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी 2,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के करीब रही। व्यापारियों ने बताया कि इस बार लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियों और चांदी के सिक्कों की भारी मांग रही। ग्राहकों को लुभाने के लिए मेकिंग चार्ज पर 50 प्रतिशत तक की छूट भी दी गई।

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वहीं, वेरायटी चौक, गोला रोड और मारवाड़ी बाजार के बर्तन दुकानों पर भारी भीड़ रही। पीतल की थाली, घंटी, कांसा लोटा और पारंपरिक सूप-कठौत जैसे बर्तनों की रिकॉर्ड बिक्री हुई। आधुनिक किचन अप्लायंसेज और स्टील के बर्तनों के प्रति भी ग्राहकों का खासा उत्साह दिखा।

ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स में ऐतिहासिक उछाल

इस बार ऑटोमोबाइल सेक्टर में सबसे बड़ा उछाल देखा गया। जिले के शोरूम्स से लगभग 8,000 दोपहिया और 500 से अधिक चार पहिया वाहनों (जैसे थार, स्कॉर्पियो-एन और पंच) की डिलीवरी हुई। अकेले गाड़ियों की बिक्री से 120 करोड़ से ज्यादा का कारोबार हुआ है। इलेक्ट्रॉनिक्स मार्केट में भी करीब 50 करोड़ का व्यापार हुआ, जहां लोगों ने नो-कॉस्ट ईएमआई पर स्मार्ट टीवी, फ्रिज और एआई स्मार्टफोन खरीदे।

शहर की सड़कों पर एक तरफ जहां आलीशान शोरूम चमक रहे थे, वहीं दूसरी ओर मिट्टी के दीयों और पारंपरिक घरौंदों की दुकानों पर भी लोगों की भीड़ जुटी रही। भीड़ की वजह से बाजारों में जगह-जगह जाम की स्थिति तो बनी, लेकिन त्योहार की खुशी और खरीदारी के उत्साह ने इसे फीका कर दिया।

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