स्मार्ट सिटी भागलपुर में बदहाल सड़क और नाले से जनता परेशान

बिहार की सिल्क सिटी कहे जाने वाले भागलपुर में करोड़ों रुपये खर्च होने और स्मार्ट सिटी का दर्जा मिलने के बाद भी बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी है। पिछले दस वर्षों में शहरी विकास के लिए बहुत सारा पैसा दिया गया है, लेकिन मुख्य सड़कें और चौराहे आज भी बहुत खराब हालत में हैं, जिससे लोगों को रोज बड़ी परेशानी उठानी पड़ती है। जिला प्रशासन, नगर निगम और बुडको के अधिकारियों पर लोगों ने आरोप लगाया है कि वे एसी गाड़ियों में घूमते हैं और इन समस्याओं पर ध्यान नहीं देते हैं।
तिलकामांझी से सांडिस कंपाउंड की तरफ जाने वाले रास्ते पर पुलिया की रेलिंग टूट गई है और पुलिया धंस रही है। बड़े-बड़े अधिकारी और पुलिस वाले रोज इसी रास्ते से गुजरते हैं, फिर भी इसकी मरम्मत नहीं हुई है और कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। नगर निगम कार्यालय से सिर्फ दो फर्लांग दूर घूरनपीर बाबा चौक पर नाला कचरे और गाद से भरा हुआ है, जिससे बदबू आती है और लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। इसके ठीक पास में सौंदर्यीकरण का काम हुआ है, जो निगम के खोखले काम करने के तरीके को साफ दिखाता है।
आदमपुर चौक के पास सीएमएस स्कूल के सामने बुडको की अधूरे मरम्मत के काम के कारण सड़क खतरनाक बनी हुई है। पानी की लीक हो रही पाइप को ठीक करने के बाद खोदी गई सड़क को ऐसे ही छोड़ दिया गया है, जिससे रोज जाम लगता है और स्कूल के बच्चों तथा एम्बुलेंस को परेशानी होती है। लोगों का कहना है कि अधिकारियों द्वारा जमीनी स्तर पर जांच न करने के कारण शहर का विकास सिर्फ कागजों पर ही हो रहा है।