भागलपुर जहाज घाट पर यात्रियों की जान खतरे में

भागलपुर जहाज घाट पर यात्रियों की सुरक्षा खतरे में पड़ी हुई है क्योंकि वहां बुनियादी ढांचे की कमी है और उचित सुरक्षा उपाय नहीं हैं। रैंप की बढ़ती लंबाई और मजबूत बैरिकेडिंग की पूरी कमी के कारण वहां बहुत जोखिम भरा माहौल बन गया है जिससे गंभीर दुर्घटनाएं हो सकती हैं। यह देखा गया है कि जब जहाज चलने की तैयारी करते हैं तो यात्री लंबे रैंप पर तेजी से दौड़ते हैं जिससे उनके फिसलने या गिरने का बड़ा खतरा पैदा होता है। इसके अलावा जब जहाज आता है तो यात्रियों की भारी भीड़ अचानक उतरती है जिसे संभालना मुश्किल हो जाता है और इससे लोगों की जान को और खतरा होता है। वर्तमान स्थिति यह है कि सभी तीन मौजूदा जेट्टी पर रैंप की लंबाई लगभग 100 मीटर तक बढ़ गई है। सबसे डराने वाली बात यह है कि इन बढ़े हुए रैंप के किनारों पर पानी की गहराई कई जगहों पर 10 मीटर तक पहुंच जाती है। सुरक्षा के पुख्ता नियम न होने के कारण यात्री लगातार खतरे में हैं। स्थानीय अधिकारियों पर इन समस्याओं को जल्द दूर करने का दबाव है। घाट पर तैनात मजिस्ट्रेट डीएसओ शमीम अंसारी ने स्थिति पर बात करते हुए बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों को इन खतरों की जानकारी दे दी गई है और यात्रियों की सुरक्षा के लिए रैंप के दोनों तरफ बैरिकेडिंग लगाने का काम जल्द शुरू किया जाएगा।