भागलपुर-जमालपुर रेलखंड पर 5 सितंबर 2026 से ट्रेनों का परिचालन धीमा कर दिया गया है। गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण यह बड़ा फैसला लिया गया है।
- गंगा का जलस्तर बढ़ने से भागलपुर-जमालपुर रेलखंड पर लगी रोक
- 100 से 110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली ट्रेनें अब 20 से 30 किमी की गति से चलेंगी
- यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर उठाया गया कदम
मलदा रेलवे डिवीजन ने कल्याणपुर और रतनपुर स्टेशनों के बीच 12 किलोमीटर के दायरे में यह सावधानी बरती है। अधिकारियों के अनुसार सितंबर के महीने में बाढ़ का खतरा बढ़ने और पटरियों के बहने या धंसने की आशंका को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। रेलवे कर्मचारियों को पटरियों की 24 घंटे निगरानी और गश्त करने का निर्देश दिया गया है।
गति प्रतिबंधों के अलावा, रेलवे प्रशासन पुलों की स्थिरता और पानी के बहाव की तीव्रता पर भी कड़ी नजर रख रहा है। सुरक्षात्मक उपायों के तहत पटरियों के पास पत्थर का चूरा और बालू की बोरियां लगाई गई हैं ताकि नुकसान को रोका जा सके। इन सावधानियों के कारण ट्रेनों के आने-जाने के समय पर असर पड़ना तय है, लेकिन अधिकारियों ने जोर देकर कहा है कि यात्रियों की सुरक्षा सबसे पहली प्राथमिकता है। जब तक मुंगेर में गंगा का जलस्तर और पानी का बहाव खतरे के निशान से नीचे सामान्य स्थिति में नहीं आ जाता, तब तक ये सावधानियां लागू रहेंगी। मुंगेर में गंगा अभी भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है, जिससे भागलपुर सहित आसपास के इलाके प्रभावित हो रहे हैं।