भागलपुर बाजार: सोने की कीमतों ने छुआ रिकॉर्ड स्तर, सरसों तेल और चीनी के दाम भी बढ़े
भागलपुर के बाजारों में सोने की कीमतों ने तोड़े रिकॉर्ड, साथ ही सरसों तेल और चीनी के दाम भी बढ़े। जानें ताजा मार्केट रेट।

भागलपुर के स्थानीय बाजारों में इन दिनों कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। आम आदमी की रसोई से लेकर शादी-ब्याह की तैयारियों तक, महंगाई ने दस्तक दे दी है। जहां एक तरफ कीमती धातुओं की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है, वहीं सरसों तेल और चीनी जैसी बुनियादी चीजों के दाम भी तेजी से बढ़ रहे हैं।
बुलियन मार्केट की बात करें तो पिछले एक महीने से कीमतों में अस्थिरता बनी हुई है। करीब 20 दिन पहले कीमतों में मामूली गिरावट आई थी, लेकिन अब सोना फिर से रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है। वर्तमान में 24 कैरेट सोने की कीमत 1,48,000 रुपये प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट सोना 1,33,800 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ट्रेड कर रहा है। हालांकि, चांदी की कीमतों में थोड़ी कमी आई है और यह अब 1.90 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर है। व्यापारियों का मानना है कि वैश्विक संकेतों और आने वाले शादी के सीजन की मांग ने कीमतों को प्रभावित किया है।
रसोई का बजट बिगड़ा: तेल और चीनी की कीमतों में तेजी
खाद्य तेलों की कीमतों में पिछले तीन महीनों में काफी वृद्धि हुई है। मंगल ब्रांड के सरसों तेल का 15 किलो का टिन, जो तीन महीने पहले 2,475 रुपये था, अब बढ़कर 3,250 रुपये हो गया है। वहीं, कलश ब्रांड का तेल 3,270 रुपये प्रति टिन बिक रहा है। रिफाइंड पाम ऑयल 13 लीटर के कंटेनर के लिए 2,350 से 2,450 रुपये और वेजिटेबल घी का 15 किलो का जार 2,480 रुपये में मिल रहा है। चीनी के दामों में भी बढ़ोत्तरी हुई है, जहां 50 किलो की बोरी अब 3,200 रुपये से बढ़कर 3,350 रुपये तक पहुंच गई है।
अनाज और दालों के बाजार की स्थिति इस प्रकार है:
- कटारनी चावल: क्वालिटी के आधार पर 80 से 160 रुपये प्रति किलो।
- स्वर्ण चावल: 40 रुपये प्रति किलो।
- कटारनी चूड़ा: 110 से 130 रुपये प्रति किलो।
- अरहर दाल: 120 से 130 रुपये प्रति किलो।
- मूंग दाल: 98 रुपये प्रति किलो।
- चना और मसूर दाल: 72 रुपये प्रति किलो (स्थिर)।
- कलई दाल: 105 से 115 रुपये प्रति किलो।
- आटा: 35 रुपये प्रति किलो।
स्थानीय व्यापारियों का अनुमान है कि जैसे-जैसे शादी का सीजन आगे बढ़ेगा और सप्लाई चेन पर असर पड़ेगा, कीमतों में और बदलाव आ सकते हैं। आशंका जताई जा रही है कि यदि मांग में अचानक तेजी आई, तो प्रीमियम अनाज और ड्राई फ्रूट्स के दाम और भी बढ़ सकते हैं।