भागलपुर में मूर्ति विसर्जन को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए जिला पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद और अलर्ट मोड पर है। बुधवार को वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार पूरे जिले में विधि-व्यवस्था को चाक-चौबंद किया गया है। पुलिस का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ शहर की यातायात व्यवस्था को पूरी तरह सुचारू बनाए रखना है।
- श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुचारू यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
- संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल और सादे लिबास में पुलिसकर्मी तैनात हैं।
- सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों से हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।
विसर्जन जुलूस के मद्देनजर प्रशासन द्वारा पहले से ही रूट चार्ट तैयार किया गया है। विसर्जन स्थलों, निर्धारित मार्गों और शहर के तमाम संवेदनशील स्थानों पर
पर्याप्त संख्या में पुलिस पदाधिकारियों और जवानों की प्रतिनियुक्ति की गई है। पुलिस बल के साथ-साथ सादे लिबास में भी पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है जो भीड़ के बीच रहकर असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रख रहे हैं। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी खुद क्षेत्र में उतरकर लगातार मॉनिटरिंग और गश्त कर रहे हैं।
विसर्जन जुलूस के दौरान आम नागरिकों को किसी भी प्रकार की असुविधा या जाम का सामना न करना पड़े, इसके लिए
ट्रैफिक रूट में भी आवश्यकतानुसार बदलाव किए गए हैं। प्रमुख चौराहों और विसर्जन घाटों पर सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों के जरिए भी हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। भागलपुर पुलिस ने जिले के सभी श्रद्धालुओं और आम नागरिकों से शांति और आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील की है।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट रूप से कहा है कि सभी समितियां और श्रद्धालु प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों और तय रूटों का ही पालन करें। सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से फैलने वाली किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और न ही उन्हें बढ़ावा दें। पुलिस ने जनता से सहयोग की मांग करते हुए कहा है कि
यदि कहीं भी कोई संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि दिखे, तो इसकी सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस पदाधिकारी या नियंत्रण कक्ष को दें ताकि समय रहते त्वरित कार्रवाई की जा सके।