भागलपुर में जिला स्तरीय स्कूली खेलकूद प्रतियोगिता का शानदार आगाज हुआ है। इस खबर के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं: जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय ने खेल भवन सह व्यायामशाला में प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। प्रतियोगिता में 30 से अधिक खेल विधाओं में 2500 से ज्यादा खिलाड़ियों ने पंजीकरण कराया है। फुटबॉल और एथलेटिक्स एसोसिएशन ने कुछ खेल मैदानों को बाहर किए जाने के विरोध में प्रतियोगिता का बहिष्कार किया है।
जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय ने रविवार को भागलपुर के खेल भवन सह व्यायामशाला में जिला-स्तरीय स्कूली खेलकूद प्रतियोगिता का उद्घाटन किया।
उन्होंने कहा कि खेलकूद विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए बहुत जरूरी है क्योंकि इससे अनुशासन, टीम भावना, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता बढ़ती है। उन्होंने यह भी बताया कि दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों की प्रतिभाओं को सामने लाने के लिए जिला प्रशासन बीबीग्राम योजना के तहत खेल मैदान विकसित कर रहा है। साथ ही, विक्रमशिला सेतु के बंद होने से पहले प्रतियोगिता समाप्त हो सके, इसलिए तारीखें तय की गई थीं। जिला खेल पदाधिकारी शम्मी अंसारी ने मेहमानों का स्वागत किया और कार्यक्रम की जानकारी दी।
अंसारी के अनुसार, रविवार तक
2500 से अधिक खिलाड़ी इस प्रतियोगिता के लिए अपना पंजीकरण करा चुके थे और पंजीकरण का काम अभी भी चल रहा था। इस प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले खिलाड़ी 30 से ज्यादा अलग-अलग खेल विधाओं में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
यहाँ जीतने वाले खिलाड़ी आगे चलकर जिला स्तर पर संभाग स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। कार्यक्रम के दौरान कराटे खिलाड़ियों ने जिलाधिकारी से अनुरोध किया कि वे निर्णायकों की प्रक्रिया में निष्पक्षता बनाए रखें, जिसके बाद जिलाधिकारी ने जिला खेल पदाधिकारी को पारदर्शिता बनाए रखने के कड़े निर्देश दिए।
इस बड़े आयोजन के बीच,
भागलपुर फुटबॉल एसोसिएशन और भागलपुर एथलेटिक्स एसोसिएशन ने इस प्रतियोगिता का पूरी तरह से बहिष्कार करने का फैसला लिया है। ये दोनों एसोसिएशन इस बात से नाराज हैं कि कुछ चुनिंदा खेल मैदानों को प्रतियोगिता के आयोजन स्थल से बाहर रखा गया है। इसी विरोध के चलते इन संगठनों ने फुटबॉल और एथलेटिक्स प्रतियोगिताओं को आयोजित करने से साफ इंकार कर दिया है।