दिवाली और छठ पर भागलपुर में सुरक्षा सख्त, आसमान से नजर रखेंगे 10 ड्रोन
भागलपुर प्रशासन ने दिवाली, काली पूजा और छठ के लिए 10 ड्रोन और 566 मजिस्ट्रेट तैनात किए हैं। जानें पूरी सुरक्षा योजना।

भागलपुर जिला प्रशासन ने आगामी दिवाली, काली पूजा और छठ महापर्व को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। भीड़भाड़ वाले इलाकों में कानून व्यवस्था बनाए रखने और ट्रैफिक कंट्रोल के लिए इस बार तकनीक का सहारा लिया जा रहा है। प्रशासन ने जिले भर में 10 ड्रोन तैनात किए हैं, जो आसमान से हर गतिविधि पर नजर रखेंगे। इन ड्रोन्स से मिलने वाले रियल-टाइम फुटेज को एक केंद्रीय कंट्रोल रूम में मॉनिटर किया जाएगा, जिससे अधिकारी मौके पर तैनात मजिस्ट्रेटों को तुरंत निर्देश दे सकेंगे।
सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए जिले में कुल 566 मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई है। प्रशासन की नजर उन सभी इलाकों पर है जहां भीड़ जुटने की संभावना है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, जिले में 381 स्थानों पर काली पूजा की प्रतिमाएं स्थापित की जा रही हैं। इसके लिए जिला मजिस्ट्रेट ने तीनों अनुमंडल अधिकारियों (SDO) को लाइसेंस जारी करने का अधिकार दिया था, जिसके तहत सदर SDO ने 247, कहलगांव SDO ने 77 और नौगछिया SDO ने 57 लाइसेंस जारी किए हैं।
केंद्रीय बलों की तैनाती और छठ घाटों की तैयारी
त्योहारों के दौरान सुरक्षा को और अधिक मजबूत करने के लिए केंद्रीय बलों को बुलाया गया है, जो 10 नवंबर तक जिले में तैनात रहेंगे। साथ ही, छठ पूजा के समापन तक यानी 16 नवंबर तक एक जिला कंट्रोल रूम चालू रहेगा, ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।
प्रशासन ने जिले में कुल 270 सार्वजनिक छठ घाटों की पहचान की है, जिनमें सदर क्षेत्र में 94, कहलगांव में 100 और नौगछिया में 76 घाट शामिल हैं। इन सभी स्थानों पर जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
सुरक्षा के लिहाज से भागलपुर और नौगछिया पुलिस जिलों के कई संवेदनशील इलाकों को चिह्नित किया गया है। भागलपुर पुलिस क्षेत्र में परबत्ती, उर्दू बाजार, स्टेशन चौक, बुधनाथ चौक, मुसहरी घाट (विसर्जन स्थल), और कहलगांव बाजार जैसे प्रमुख स्थलों पर विशेष निगरानी रहेगी। वहीं नौगछिया पुलिस क्षेत्र में टेटारी, साहु परबत्ता, गोपालपुर, खरिक, बीहपुर और ध्रुवगंज जैसे इलाकों में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं ताकि श्रद्धालु बिना किसी बाधा के त्योहार मना सकें।