पीरपैंती के पूर्व विधायक और जदयू नेता को 16 साल पुराने मामले में जेल, कोर्ट ने खारिज की जमानत

Pooja Kanjani11 February 20262 min read5 viewsCity Local
पीरपैंती के पूर्व विधायक और जदयू नेता को 16 साल पुराने मामले में जेल, कोर्ट ने खारिज की जमानत

भागलपुर के पीरपैंती से पूर्व भाजपा विधायक Aman Paswan और जदयू नेता Hiralal Paswan को 16 साल पुराने एक मामले में जेल जाना पड़ा है। मंगलवार को भागलपुर की विशेष एमपी-एमएलए अदालत ने दोनों नेताओं की जमानत याचिका को खारिज कर दिया और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। यह पूरा मामला साल 2010 के विधानसभा चुनाव के दौरान आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन से जुड़ा हुआ है जिसमें लंबे समय बाद यह कार्रवाई हुई है।

🗞️: TMBU ने बिहार को दिए 4 मुख्यमंत्री, अब खंडहर में तब्दील हुई प्रोफेसर कॉलोनी, 20 करोड़ का बजट अटका

आखिर क्या था 16 साल पुराना यह चुनावी मामला?

यह मामला 9 सितंबर 2010 का है जब बिहार में विधानसभा चुनाव का माहौल था। आरोप है कि Aman Paswan और Hiralal Paswan ने बिना अनुमति के पीरपैंती के कासड़ी और ओरियप गांवों में बिजली के खंभों पर राजनीतिक पोस्टर चिपकाए थे। उस समय अमन पासवान भाजपा के उम्मीदवार थे और हीरालाल पासवान जदयू के युवा नेता के तौर पर सक्रिय थे। तत्कालीन सहायक निर्वाची पदाधिकारी ने इस नियम के उल्लंघन पर अंतीचक थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई थी।

कोर्ट ने क्यों भेजा जेल और क्या रही कानूनी प्रक्रिया?

मामले की सुनवाई के दौरान दोनों नेता लंबे समय से कोर्ट में उपस्थित नहीं हो रहे थे। लगातार अनुपस्थिति के कारण अदालत ने इनके खिलाफ पहले ही गैर-जमानती वारंट जारी कर दिया था। मंगलवार को जब दोनों नेताओं ने विशेष न्यायाधीश Dharmendra Kumar Pandey के समक्ष आत्मसमर्पण किया और जमानत मांगी, तो कोर्ट ने उसे स्वीकार नहीं किया। न्यायाधीश ने पुराने रिकॉर्ड और वारंट को देखते हुए उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश सुना दिया।

  • मुख्य आरोपी: पूर्व विधायक अमन पासवान और जदयू नेता हीरालाल पासवान
  • मामला: आदर्श आचार संहिता उल्लंघन (2010)
  • न्यायालय: एमपी-एमएलए कोर्ट भागलपुर
  • पुलिस स्टेशन: अंतीचक थाना
Share:

Comments

Leave a comment