नौगछिया: राघोपुर-खैरपुर के बीच गंगा का भीषण कटाव, बचाव के लिए उतरी टीम
नौगछिया के राघोपुर और खैरपुर के बीच गंगा का भीषण कटाव जारी है। विभाग ने बचाव के लिए पुणे के विशेषज्ञों के साथ मिलकर योजना तैयार की है।

नौगछिया के खरिक ब्लॉक अंतर्गत राघोपुर और खैरपुर के बीच गंगा कटाव नौगछिया के इलाके में गंभीर समस्या बन गया है। नदी की लहरें अब रिहायशी इलाकों और तटबंधों की ओर बढ़ रही हैं, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में भारी डर का माहौल है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जल संसाधन विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर है और कटाव को रोकने के लिए लगातार जमीनी स्तर पर काम किया जा रहा है।
इस समस्या का स्थाई समाधान निकालने के लिए पुणे स्थित केंद्रीय जल और विद्युत अनुसंधान केंद्र (CWPRS) के वैज्ञानिक अरुण कुमार ने शुक्रवार को प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया। उनके साथ जल संसाधन विभाग के अधीक्षण अभियंता और कनिष्ठ अभियंता भी मौजूद थे। टीम ने नदी की गहराई, चौड़ाई और बहाव के पैटर्न का बारीकी से अध्ययन किया। विशेषज्ञों ने इस बात की जांच की कि आखिर किन कारणों से गंगा ने अचानक अपना रुख तटबंध और गांव की ओर मोड़ लिया है।
तटबंध टूटने से बढ़ा खतरा, 6 प्रोजेक्ट्स पर काम
इलाके में कटाव इतना भीषण है कि मार्जिनल तटबंध और रेलवे तटबंध दोनों ही जगह टूट चुके हैं, जिससे लोगों की जमीन और घर खतरे में पड़ गए हैं। इस संकट को देखते हुए बिहार के ऊर्जा मंत्री शैलेश कुमार (बुलों मंडल) की पहल पर पिछले हफ्ते गंगा बाढ़ नियंत्रण आयोग (GFCC) और केंद्रीय जल आयोग (CWC) की संयुक्त टीम ने भी निरीक्षण किया था।
विभाग ने अब इस समस्या से निपटने के लिए एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है। इस योजना के तहत कुल छह अलग-अलग प्रोजेक्ट्स को लागू किया जाएगा, ताकि नदी के बहाव को नियंत्रित कर भविष्य में होने वाले नुकसान को रोका जा सके। फिलहाल, वैज्ञानिक रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं जिसके आधार पर जल्द ही बचाव कार्य तेज किए जाएंगे।