गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर ने भागलपुर में विकराल रूप ले लिया है। भागलपुर के अकबरनगर और भवनाथपुर के बीच मुख्य सड़क एनएच-80 पर बाढ़ का पानी दो से तीन फीट तक बह रहा है।
- भागलपुर-पटना मार्ग पर आवागमन पूरी तरह ठप
- पानी का तेज बहाव और गाड़ियों के बंद होने से जाम
- जलमग्न सड़क पर बच्चों ने खेला वॉलीबॉल
भागलपुर को राजधानी पटना और सुल्तानगंज से जोड़ने वाले इस बेहद महत्वपूर्ण मार्ग पर पानी का बहाव इतना तेज है कि राहगीरों और वाहन चालकों की जान पर बन आई है। खतरे को देखते हुए प्रशासन ने दोगच्छी से अकबरनगर तक आवागमन को प्रतिबंधित कर दिया है और फोरलेन वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करने की सलाह दी है।
सड़क पर पानी का स्तर लगातार बढ़ने के कारण दोपहिया और छोटे वाहन बीच रास्ते में ही बंद हो जा रहे हैं। पानी के तेज करंट के बीच गाड़ियों के बंद होने से दुर्घटनाओं का खतरा काफी बढ़ गया है और मार्ग पर भारी जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई है। जरूरी कार्यों के लिए निकलने वाले स्थानीय लोग जान जोखिम में डालकर इसी जलमग्न सड़क से पैदल और नावों के सहारे आवागमन करने को मजबूर हैं।
इस भयावह बाढ़ और संकट के बीच एनएच-80 पर एक बेहद हैरान करने वाला और अनोखा नजारा भी देखने को मिला। जहां एक तरफ लोग परेशान थे, वहीं दूसरी तरफ स्थानीय बच्चों ने डूबी हुई सड़क को ही खेल का मैदान बना दिया। बच्चे जलमग्न हाईवे पर कमर तक पानी में खड़े होकर उत्साह के साथ वॉलीबॉल खेलते नजर आए। यह तस्वीरें साफ बयां कर रही हैं कि बाढ़ ने जहां आम जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है, वहीं लोगों ने इस आपदा के बीच भी जीने का एक अलग रास्ता ढूंढ लिया है। बाढ़ के कारण भागलपुर-पटना का सड़क संपर्क पूरी तरह प्रभावित होने की कगार पर है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय नागरिकों और यात्रियों ने जिला प्रशासन से इस मार्ग पर तत्काल सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने, साइनबोर्ड लगाने और यातायात को पूरी तरह सुचारू करने के लिए वैकल्पिक प्रबंध करने की पुरजोर मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि जलस्तर में और वृद्धि हुई तो स्थिति नियंत्रण से बाहर हो सकती है।