कहलगांव सिविल कोर्ट के अंतर्गत आने वाली अनुमंडल विधिक सेवा समिति ने सोमवार को इंटर-स्तरीय शारदा पाठशाला में एक जागरूकता शिविर लगाया। यह कार्यक्रम नेशनल लीगल सर्विसेज अथॉरिटी (NALSA) के सेफ चाइल्डहुड अभियान के तहत आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में मुख्य अधिकारियों में सब-जज और समिति के चेयरमैन अखिलेश कुमार, मुंसिफ और सचिव विकास गौरव, दूसरे मुंसिफ अनंत कुमार, और वकील संतोष झा और मनीष पांडेय शामिल हुए। कार्यक्रम की शुरुआत संगीत शिक्षिका रोजी निक्की के मार्गदर्शन में छात्रों द्वारा राष्ट्रीय गीत और राष्ट्रगान गाने के साथ हुई। प्रिंसिपल जयनंदन मंडल ने मेहमानों को अंगवस्त्र भेंट करके उनका स्वागत किया।
सब-जज अखिलेश कुमार ने बताया कि
प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंसेस (पॉक्सो) एक्ट, 2012, 18 वर्ष से कम उम्र के सभी बच्चों की रक्षा करता है, चाहे उनका लिंग कुछ भी हो, जिसमें लड़के, लड़कियां और थर्ड-जेंडर के लोग शामिल हैं। उन्होंने बताया कि यह कानून बच्चों को शारीरिक और गैर-शारीरिक यौन शोषण के साथ-साथ ऑनलाइन यौन शोषण से बचाने के लिए बनाया गया है।
मुंसिफ और सचिव विकास गौरव ने इस बात पर जोर दिया कि
पीडि़ता की पहचान की गोपनीयता बनाए रखने और मानसिक आघात को रोकने के लिए बयान दर्ज करने, मेडिकल जांच और न्यायिक सुनवाई के दौरान बाल-अनुकूल प्रक्रियाओं का सख्ती से पालन किया जाता है। उन्होंने घोषणा की कि यह जागरूकता अभियान 31 अक्टूबर तक कहलगांव उप-मंडल के सभी तीन ब्लॉकों के विभिन्न स्कूलों में जारी रहेगा। दूसरे मुंसिफ अनंत कुमार ने समाज के हर वर्ग, विशेषकर वंचित और हाशिए के लोगों तक न्याय और कानूनी सहायता के बारे में जानकारी प्रसारित करने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। वकीलों संतोष झा और मनीष पांडेय ने भी सभा को संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन शिक्षक धनंजय कुमार ने किया।