भागलपुर के सबौर कॉलेज में नए भवन का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। 23 अक्टूबर 2026 तक की स्थिति के अनुसार, कॉलेज के प्राचार्य प्रोफेसर संजय कुमार Jha इस निर्माण की रोज निगरानी कर रहे हैं। इस खबर से जुड़ी मुख्य बातें इस प्रकार हैं: - प्रोफेसर संजय कुमार Jha ठेकेदारों से रोज प्रगति रिपोर्ट ले रहे हैं। - काम को जल्दी पूरा करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। - यह निर्माण स्थल एक पुराने जमीन विवाद के केंद्र में है।
निर्माण स्थल को लेकर कुछ लोगों का कहना है कि यह जमीन उनकी निजी संपत्ति है। वाराणसी के रहने वाले पवन कुमार सिंहानिया ने सितंबर 2026 में बताया था कि यह जमीन करीब 24 से 39 डिसमिल है और 1993-94 से इस पर कानूनी विवाद चल रहा है। सिंहानिया का आरोप है कि जमीन पर यथास्थिति बनाए रखने के कोर्ट के आदेश के बावजूद निर्माण हो रहा है, क्योंकि यह उनकी पूर्वजों की संपत्ति थी जिसे पुराने सर्वे में गलती से सरकारी जमीन दर्ज कर लिया गया था।
पिछले प्रभारी प्राचार्य को जमीन विवाद संभालने में लापरवाही के कारण जुलाई 2026 में हटा दिया गया था, जिसके बाद प्रोफेसर संजय कुमार Jha ने सबौर कॉलेज के अतिरिक्त प्रभार की जिम्मेदारी संभाली और वे इस प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने में मुख्य भूमिका निभा रहे हैं। काम शुरू होने से पहले उन्होंने जमीन के कागजातों की जांच की थी और अगस्त 2026 में प्रोजेक्ट को शुरू करने के लिए RUSA अधिकारियों से मुलाकात भी की थी। इन सभी कानूनी और मालिकाना हक की चुनौतियों के बीच प्रशासन बुनियादी ढांचे के विकास को प्राथमिकता दे रहा है।