भागलपुर के गौरौचौकी महादलित टोला के केलापुर मौजा बहीयार में पानी के पास सोमवार सुबह दो नाबालिग बच्चियों के शव मिले। पुलिस ने मृतकों की पहचान हरिजन टोला की रहने वाली नौ साल की सरिता कुमारी (पिता तणोज दास) और 10 साल की गोपाली कुमारी (पिता मुन्ना दास) के रूप में की है। ये दोनों बच्चियां आपस में चचेरी बहनें थीं।
- रविवार सुबह करीब 8:00 बजे बच्चियां कर्मा-धर्मा त्योहार की तैयारी के लिए घर से निकली थीं।
- शाम तक वापस नहीं लौटने पर परिजनों ने खोजबीन की और कजराली थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
- सोमवार सुबह करीब 7:00 बजे ग्रामीणों ने शव देखकर अधिकारियों को सूचना दी।
- कजराली थानाध्यक्ष गौतम कुमार और बाईपास थानाध्यक्ष विकास कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और एफएसएल टीम ने जांच की।
कजराली थानाध्यक्ष गौतम कुमार ने बताया कि मौत का प्राथमिक कारण डूबना प्रतीत होता है, लेकिन असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगी। परिवारों द्वारा अभी तक कोई औपचारिक आपराधिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है क्योंकि वे लिखित रिपोर्ट देने से पहले ऑटोप्सी के परिणामों का इंतजार करना चाहते हैं। तणोज दास ने बताया कि उनकी बेटी सरिता और उसकी चचेरी बहन गोपाली पांचवीं कक्षा की छात्रा थीं।
ग्रामीण रचना ने बताया कि त्योहार के लिए लोगों को निमंत्रण देने के बाद बच्चियां यह महसूस करकें लौटी थीं कि वे अपनी चप्पलें भूल गई हैं और बगीचे की ओर वापस गईं।
तणोज दास ने बताया कि रविवार को सुबह 10:30 बजे ग्रामीणों ने उन्हें आखिरी बार बगीचे के पास आगे बढ़ते हुए देखा था जब वे अपनी चप्पलें लेने के लिए थोड़ी देर को वापस आई थीं। गोपाली कुमारी के पिता मुन्ना दास वर्तमान में दिल्ली में मजदूर के रूप में काम करते हैं। परिवारों ने इस घटना की निष्पक्ष पुलिस जांच की मांग की है।