भागलपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर चार से राजकीय रेलवे पुलिस ने वाराणसी के दो लोगों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से 1590 साल पुरानी प्राचीन मूर्ति बरामद हुई है। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
- वाराणसी के दो व्यक्ति भागलपुर रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार
- 1590 साल पुरानी प्राचीन मूर्ति हुई बरामद
- 35 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला आया सामने
जांच में पता चला है कि आरोपियों ने यह मूर्ति असम के गुवाहाटी में कोलगाछी बस स्टैंड के पास राजू और सुनील नाम के लोगों से ली थी। जीआरपी इंस्पेक्टर नसीम अहमद ने पुष्टि की कि आरोपी इस कलाकृति को ले जा रहे थे तभी उन्हें स्टेशन पर रोक लिया गया।
अधिकारियों ने 35 लाख रुपये की धोखाधड़ी से जुड़ा एक अलग और संबंधित मामला भी उजागर किया है। जीआरपी की रिपोर्ट के मुताबिक, वाराणसी के इन आरोपियों के पास मूर्ति आने से पहले राजू और सुनील ने इसी मूर्ति का इस्तेमाल करके भागलपुर के एक स्थानीय व्यवसायी के साथ 35 लाख रुपये की ठगी की थी।
पुलिस अब इस मूर्ति के मूल स्रोत और गुवाहाटी से इसके परिवहन की रसद का पता लगाने के लिए अपनी जांच का दायरा बढ़ा रही है। जांचकर्ता राजू और सुनील की विशिष्ट भूमिकाओं, व्यवसायी के साथ हुई धोखाधड़ी की सीमा और गुवाहाटी, भागलपुर तथा वाराणसी को जोड़ने वाले व्यापक तस्करी नेटवर्क की जांच कर रहे हैं।