शहर की सूरत बदलने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए नगर निगम ने कमर कस ली है। शहर के विभिन्न वार्डों में लटके और नए विकास कार्यों को धरातल पर उतारने के लिए कुल 19 करोड़ रुपये की 93 विकास योजनाओं की निविदाएं खोलने का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया है।
- छुट्टी के दिनों में भी निगम की तकनीकी टीम ने 27 योजनाओं के टेंडर पूरे किए।
- शेष 66 निविदाएं अगले 48 घंटे में खोली जाएंगी।
- सड़क, नाली, पेयजल और स्ट्रीट लाइट के काम होंगे।
नगर निगम सूत्रों के अनुसार, इस बार
टेंडर प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बरती जा रही है ताकि केवल योग्य और अनुभवी एजेंसियों को ही काम का जिम्मा मिले। शेष बची 66 निविदाओं को अगले दो दिनों के भीतर खोलकर संवेदकों का चयन फाइनल कर लिया जाएगा। वर्क ऑर्डर जारी होते ही शहर के अलग-अलग हिस्सों में एक साथ निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
इस 19 करोड़ के भारी-भरकम बजट से शहर की कई पुरानी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। इसके तहत
सड़क एवं नाली निर्माण, जलजमाव वाले वार्डों में पक्की नालियों और क्षतिग्रस्त मुख्य सड़कों का जीर्णोद्धार, जलजमाव से मुक्ति और सुगम आवागमन, पेयजल आपूर्ति जिन मोहल्लों में पाइपलाइन का विस्तार नहीं हुआ है, वहां नए कनेक्शन और चापाकल और गर्मियों से पहले शुद्ध पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। इसके अलावा स्ट्रीट लाइट एवं सौंदर्यीकरण शहर के मुख्य चौराहों और अंधेरे वाले वार्डों में नई एलईडी लाइटें लगाना शामिल है।
उल्लेखनीय है कि लंबे समय से अपने-अपने क्षेत्रों में विकास कार्यों की बाट जोह रहे वार्ड पार्षदों ने निगम के इस कदम का स्वागत किया है। पार्षदों का कहना है कि
टेंडर प्रक्रिया समय पर पूरी होने से वित्तीय वर्ष के भीतर ही काम पूरे हो सकेंगे, जिससे आम जनता को जर्जर सड़कों और बजबजाती नालियों से परमानेंट राहत मिल सकेगी। नगर आयुक्त ने भी साफ निर्देश दिया है कि टेंडर फाइनल होने के बाद
काम की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।