भागलपुर में बड़ा खतरा: रघुपुर में 300 मीटर रेलवे ट्रैक का तटबंध गिरा, मची दहशत

MyBhagalpur Team9 October 20262 min read0 viewsBihar
भागलपुर में बड़ा खतरा: रघुपुर में 300 मीटर रेलवे ट्रैक का तटबंध गिरा, मची दहशत

भागलपुर के खगड़िया ब्लॉक में ब्रह्म बाबा स्थान के पास रघुपुर में 300 मीटर रेलवे तटबंध के ढह जाने से आसपास के गांवों में दहशत फैल गई है। यह घटना 8 अक्टूबर की रात से 9 अक्टूबर 2026 की सुबह के बीच हुई। तटबंध के गिरने से शंकरपुर और अलालपुर गांव के लोगों में अफरा-तफरी मच गई और कई परिवारों ने सुरक्षित स्थान पर जाने के लिए घर खाली कर दिए हैं। गंगा नदी का जलस्तर कम होने के बावजूद स्थिति खतरनाक बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने भारी खर्च के बावजूद लगातार हो रहे कटाव को लेकर जल संसाधन विभाग की आलोचना की है।

स्थानीय निवासियों का आरोप है कि अधिकारी 26 जुलाई से ही तटबंध के कमजोर होने से वाकिफ थे, लेकिन उन्होंने कोई समय रहते कदम नहीं उठाया, जिससे भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक 2005 से कटाव रोकने के कामों पर करीब 14 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं, फिर भी यह इलाका बाढ़ से लड़ने के लिए आपातकालीन उपायों पर निर्भर है। स्थल को मजबूत करने के लिए ड्रेजर मशीनों और 'कन्हैया लॉजिस्टिक' व 'राबिया' जैसे जहाजों का उपयोग करके जियो-बैग और पत्थर के बोल्डर लगाए जा रहे हैं।

साल 2026 में कटाव का इतिहास

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इस इलाके में साल 2026 के दौरान कटाव की स्थिति बहुत गंभीर रही है। 24 अगस्त को काजीकोरैया-रघुपुर सीमांत तटबंध का 30 मीटर हिस्सा ढह गया था, जिससे बिहार के ऊर्जा मंत्री शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल के पैतृक गांव के पास के इलाके में पानी भर गया था। इसके बाद 26 अगस्त को बाढ़ से बचाव के काम के दौरान एक नाव दुर्घटना में 21 मजदूरों को बचाया गया और एक व्यक्ति लापता हो गया था। 28-29 अगस्त तक नुकसान बढ़कर 300 मीटर हो गया, जिस पर उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का ध्यान गया। 2 सितंबर को ऊर्जा मंत्री बुलो मंडल और सड़क निर्माण मंत्री ई. शैलेंद्र ने विभाग के सचिवों के साथ मिलकर मरम्मत कार्य तेज करने के लिए हस्तक्षेप किया। इसके बाद 23 सितंबर को महादेवपुर घाट के पास 30 मीटर का एक और हिस्सा टूट गया।

प्रशासन की कार्रवाई

फिलहाल भागलपुर के जिलाधिकारी (DM), नौगछिया के अनुमंडल पदाधिकारी (SDM), पुलिस अधीक्षक (SP) और राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। अधिकारियों ने जनता से अफवाहों से बचने की अपील की है और कहा है कि सुरक्षा कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आगे किसी भी ढहाव को रोकने के लिए जरूरत के अनुसार अतिरिक्त संसाधन तैनात किए जा रहे हैं।

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