बिहार केसरी डॉ. श्री कृष्ण सिंह की 139वीं जयंती पर अर्पित किए गए श्रद्धासुमन

बिहार में पहले मुख्यमंत्री डॉ. श्री कृष्ण सिंह की 139वीं जयंती 21 अक्टूबर 2026 को पूरे राज्य में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर कई जगहों पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए और महान नेता को याद किया गया।
- भागलपुर में कांग्रेस कैंप ऑफिस में कार्यक्रम हुआ
- पटना के मुख्य सचिवालय और सदाकत आश्रम में दी गई श्रद्धांजलि
- बिहारशरीफ और एसकेआर कॉलेज में हुए आयोजन
- भारत रत्न देने की मांग और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी
भागलपुर में कांग्रेस कार्यालय में दी गई श्रद्धांजलि
भागलपुर के कांग्रेस कैंप ऑफिस में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। पूर्व विधायक अजीत शर्मा और पार्टी कार्यकर्ताओं ने डॉ. सिंह की तस्वीर पर फूल चढ़ाए। इस दौरान अजीत शर्मा ने डॉ. सिंह को बिहार में औद्योगिक विकास का वास्तुकार बताया। उन्होंने अच्छे शासन की विरासत और दलितों के बैद्यनाथ मंदिर में प्रवेश को लेकर सामाजिक समानता के लिए उनके ऐतिहासिक योगदान को याद किया।
पटना में हुए राजकीय और पार्टी स्तर के कार्यक्रम
पटना के मुख्य सचिवालय में आधिकारिक राजकीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और राज्यपाल सैयद अता हसनैन ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री चौधरी ने कहा कि जन कल्याण में डॉ. सिंह का योगदान राज्य के लिए एक मार्गदर्शक शक्ति बना हुआ है। वहीं दूसरी ओर, सदाकत आश्रम में बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा कार्यक्रम आयोजित किया गया। अध्यक्ष राजेश राम की अध्यक्षता में हुए इस कार्यक्रम में उनके धर्मनिरपेक्षता और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति समर्पण को याद किया गया।
बिहारशरीफ और अन्य जगहों पर कार्यक्रम
बिहारशरीफ में श्री कृष्ण सिंह चौक पर फूल अर्पित किए गए और एसकेआर कॉलेज में प्रार्थना सभा हुई। एसकेआर कॉलेज ने 24 अक्टूबर को उनकी विरासत पर एक संवाद कार्यक्रम आयोजित करने की घोषणा की है। इस बीच, पूर्व केंद्रीय मंत्री और राज्यसभा सांसद डॉ. अखिलेश प्रसाद सिंह ने केंद्र सरकार से डॉ. सिंह को भारत रत्न देने की औपचारिक मांग की है। उन्होंने युवाओं से 25 अक्टूबर को पटना के बापू सभागार में होने वाले राज्य स्तरीय समारोह में शामिल होने की अपील की है।