डूमरिया के कन्या हाई स्कूल में 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत जन्म और मृत्यु पंजीकरण के लाभ तथा प्रमाणिकता को लेकर एक जागरूकता कार्यक्रम और क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। किशनगंज से अवधेश झा द्वारा रिपोर्ट किए गए इस कार्यक्रम में बासंतीक (रबी) महा-अभियान 2026-27 के संदर्भ में उपस्थित अधिकारियों, कर्मियों और किसानों को भी इस पहल के बारे में जानकारी दी गई। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी ने पुराने और नए जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियमों के तहत पंजीकरण प्रक्रियाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
सत्र के दौरान जिला सांख्यिकी पदाधिकारी ने इस बात पर जोर दिया कि
जन्म प्रमाण पत्र जन्म की तारीख और स्थान का आधिकारिक प्रमाण होता है, जो स्कूल में दाखिले, आधार कार्ड बनवाने, पासपोर्ट, राशन कार्ड और कन्या उत्थान योजना के लिए बहुत जरूरी है। इसी तरह,
मृत्यु प्रमाण पत्र मृत्यु की तारीख और स्थान तय करने का एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है, जो उत्तराधिकार के मामलों, पुश्तैनी संपत्ति के दावों, जीवन बीमा के निपटान, बैंक खाते के दावों और जनस्वास्थ्य की रोकथाम के लिए मृत्यु के कारणों का पता लगाने में मदद करता है।
अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि
निःशुल्क सेवा का लाभ उठाने के लिए जन्म और मृत्यु की घटनाओं का पंजीकरण 21 दिनों के भीतर कराया जाना चाहिए। इस अवधि के बाद पंजीकरण कराने पर शुल्क लगता है और इसमें एक जटिल प्रशासनिक प्रक्रिया शामिल होती है। आम जनता से अपील की गई कि वे प्रक्रिया को आसान और लाभदायक बनाए रखने के लिए किसी भी घटना के तुरंत बाद पंजीकरण पूरा करवा लें।