बिहार के कहलगांव में बाढ़ से पंचायत जियो-टैगिंग का काम रुका, समय सीमा बढ़ी

MyBhagalpur Team10 September 20262 min read24 viewsBihar
बिहार के कहलगांव में बाढ़ से पंचायत जियो-टैगिंग का काम रुका, समय सीमा बढ़ी

भागलपुर के कहलगांव ब्लॉक में 2011 की जनगणना के आधार पर चल रहा पंचायत सीमांकन और जियो-टैगिंग का काम गंगा नदी में आई भीषण बाढ़ के कारण रुक गया है। क्षेत्र के कुल 658 जनगणना ब्लॉकों में से लगभग 400 ब्लॉकों का जियो-टैगिंग काम पूरा हो चुका था, लेकिन बढ़ते जलस्तर और निचले इलाकों में जलभराव के कारण फील्ड सर्वे का काम ठप पड़ गया है। बाढ़ की स्थिति को देखते हुए राज्य निर्वाचन आयोग ने 10 सितंबर की मूल समय सीमा को तीन दिन और बढ़ा दिया है। इस बाढ़ से कुल 11 पंचायतें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं, जिनके नाम भोल्सर, प्रशस्तडीह, कोडवार, घोघा, जनीडीह, पक्कीसराय, आंतीचक, किशनदासपुर, बीरबन्ना, मोहनपुर घोगटा और ओगारी हैं। ओगारी राजस्व गांव और महेशनमुंडा का आधा हिस्सा इस समय पूरी तरह डूबा हुआ है और मुख्य आने-जाने के रास्ते पानी में डूबे हैं। सर्वे का काम करने के लिए प्रशासनिक टीमों को अब इन इलाकों तक पहुंचने के लिए नावों का इस्तेमाल करना पड़ रहा है।

कर्मचारियों की सुरक्षा और जोखिम

इस प्रोजेक्ट पर काम कर रहे कर्मचारियों ने रबर बूट, लाइफ जैकेट या विशेष नावों जैसे जरूरी उपकरणों की कमी बताते हुए अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। ठहरे हुए बाढ़ के पानी और घनी झाड़ियों के बीच से गुजरते समय कर्मचारियों को जहरीले सांपों, बिच्छुओं और अन्य जीवों से भारी खतरा का सामना करना पड़ रहा है। इन खतरों के बावजूद वे बाउंड्री पॉइंट्स दर्ज करने का काम जारी रखे हुए हैं।

अधिकारियों का बयान

ब्लॉक डेवलपमेंट ऑफिसर (बीडीओ) राजीव रंजन ने पुष्टि की है कि 40 प्रतिशत से अधिक काम सफलतापूर्वक पूरा हो चुका है। देरी के संबंध में बीडीओ रंजन ने बताया कि दूर-दराज के इलाकों में बाढ़ के कारण भले ही मुश्किलें आई हैं, लेकिन निर्वाचन आयोग द्वारा दी गई समय सीमा से टीमों को जियो-टैगिंग प्रक्रिया पूरी करने के लिए अतिरिक्त समय मिल गया है।

MyBhagalpur की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel
Share:

Comments

Leave a comment