गंगा का बढ़ता पानी देख सकते हैं हैरान, भागलपुर में ऑनलाइन पढ़ाई शुरू!

भागलपुर और बेगूसराय में गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से कई शिक्षण संस्थान और रिहायशी इलाके डूब गए हैं। इसके कारण हॉस्टल खाली कराने पड़े हैं और ऑफलाइन क्लास बंद करनी पड़ी हैं। 5 सितंबर 2026 तक भागलपुर कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग (बी सीई) के सभी हॉस्टल बंद कर दिए गए हैं और छात्रों को घर लौटने के निर्देश दिए गए हैं। पढ़ाई जारी रखने के लिए शिक्षकों को शनिवार, 5 सितंबर 2026 से ऑनलाइन क्लास लेने को कहा गया है। तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (टीएमबीयू) परिसर और गर्ल्स हॉस्टल में बाढ़ का पानी घुस गया है। छात्राओं ने पानी तीन से चार फीट तक भरने की बात कही है। कई छात्र हॉस्टल छोड़कर चले गए हैं और पढ़ाई को लेकर चिंता जता रहे हैं। डॉ राज अंजीत ने पुष्टि की है कि पानी धीरे-धीरे बढ़ रहा है, लेकिन सुरक्षा के लिए हॉस्टल बंद कर दिए गए हैं। नगर निगम स्वास्थ्य शाखा प्रभारी आदित्य जायसवाल ने बताया कि ड्रेनेज सिस्टम की मरम्मत बाढ़ का पानी उतरने के बाद ही हो पाएगी। अभी सारा ध्यान पीने का पानी देने और साफ-सफाई रखने पर है। इन संस्थानों के अलावा, सीएमएस स्कूल परिसर, आदमपुर बैंक कॉलोनी, गोलाघाट, लालूचक और चंपा नदी पुल के पास के इलाके भी प्रभावित हैं। इसके अलावा, चंद्रपुर राघोपुर में बन रहा आरआईटीएस डिग्री कॉलेज परिसर पूरी तरह डूब गया है। बेगूसराय जिले में आठ प्रखंडों में स्थिति गंभीर बनी हुई है। साम्हो प्रखंड पूरी तरह जलमग्न है। मुख्य सड़कें डूब गई हैं और हजारों एकड़ फसल बर्बाद हो गई है। जिला पार्षद अमित कुमार ने जिलाधिकारी से इस प्रखंड को आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित करने की औपचारिक मांग की है।