बदलेगी सिल्क सिटी की सूरत: 'ग्रेटर भागलपुर' के लिए मास्टर प्लान तैयार, जानें क्या होगा खास

भागलपुर को अगले 20 वर्षों में 'ग्रेटर भागलपुर' और 'सैटेलाइट टाउन' के रूप में विकसित करने के लिए GIS-आधारित मास्टर प्लान का काम निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। शहरी विकास और आवास विभाग के निर्देशानुसार, एक चुनी गई एजेंसी शहर और उसके आसपास के योजना क्षेत्रों का विस्तृत सर्वे कर रही है।
- अगले 20 साल के लिए 'ग्रेटर भागलपुर' और 'सैटेलाइट टाउन' बनाने की तैयारी।
- 359 वर्ग किलोमीटर का क्षेत्र होगा अब प्लानिंग एरिया में शामिल।
- 7 चरणों में पूरा होगा यह प्रोजेक्ट, बेस मैपिंग का काम जारी।
- अंतिम ड्राफ्ट से पहले आम जनता से सुझाव मांगे जाएंगे।
40 विभागों से जुटाया जा रहा है डेटा
मास्टर प्लान को तय समय सीमा के भीतर पूरा करने के लिए नगर निगम ने लगभग 40 सरकारी विभागों और संस्थानों से सेकेंडरी डेटा मांगा है। इसमें जिला प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य, शिक्षा, उद्योग, रेलवे, BSNL और PHED जैसे विभाग शामिल हैं। डेटा जुटाने की प्रक्रिया जारी है। गुरुवार को डिविजनल कमिश्नर की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में नगर निगम, जिला प्रशासन और अन्य विभागों के अधिकारी मास्टर प्लान की अपडेटेड स्टेटस रिपोर्ट पेश करेंगे।
इन इलाकों को कवर करेगा नया प्लान
भागलपुर का विस्तारित प्लानिंग एरिया अब 359 वर्ग किलोमीटर में फैला है। इसमें 384 राजस्व गांव, तीन शहरी निकाय और चार जनगणना शहर शामिल हैं। इसकी नई सीमाएं उत्तर में नारायणपुर और नाथनगर, दक्षिण में गोराडीह, जगदीशपुर और शाहकुंड, पूर्व में सबौर और पश्चिम में सुल्तानगंज तक फैली हुई हैं।
7 चरणों में होगा विकास का काम
इस प्रोजेक्ट को सात चरणों में पूरा किया जा रहा है। 2023 में पहले चरण की 'इनसेप्शन रिपोर्ट' तैयार हो गई थी और दूसरे चरण के सामाजिक और आर्थिक सर्वे का काम भी पूरा हो चुका है। फिलहाल दूसरे और तीसरे चरण पर काम चल रहा है, जिसमें 'बेस मैपिंग' और बेसलाइन डेटा तैयार किया जा रहा है। इसी बेस मैप के आधार पर भविष्य में नई सड़कें, सीवरेज और ड्रेनेज नेटवर्क, औद्योगिक क्षेत्र, आवासीय कॉलोनियां, पार्क, ग्रीन जोन, मल्टी-लेवल बिल्डिंग और अस्पताल बनाए जाएंगे।
जनता की राय के बाद कैबिनेट में जाएगा प्लान
नगर आयुक्त किसलय कुशवाहा ने संबंधित अधिकारियों और एजेंसी के साथ सर्वे, बेस मैप और विभागीय डेटा की समीक्षा की है, जिसके बाद जिला मजिस्ट्रेट ने भी इसकी समीक्षा की। इन प्रयासों के बाद मास्टर प्लान का ड्राफ्ट सार्वजनिक किया जाएगा ताकि नागरिकों से सुझाव लिए जा सकें। इसके बाद ही अंतिम दस्तावेज राज्य कैबिनेट को सौंपा जाएगा।
भागलपुर नगर निगम के टाउन प्लानर मन्नू यादव ने बताया कि मास्टर प्लान का काम काफी आगे बढ़ गया है और विभिन्न विभागों की रिपोर्ट आने लगी हैं। गुरुवार को डिविजनल कमिश्नर की समीक्षा बैठक में अब तक की प्रगति और प्रोजेक्ट की अपडेटेड स्थिति पेश की जाएगी।