जमालपुर IRIMEE बनेगा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, 341.5 करोड़ से होगा कायाकल्प

जमालपुर स्थित इंडियन रेलवे इंस्टीट्यूट ऑफ मैकेनिकल एंड इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (IRIMEE) को अब हाई-स्पीड रेल ऑपरेशंस और एडवांस टेक्निकल ट्रेनिंग के लिए एक प्रमुख 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' बनाया जाएगा। महानिदेशक अनिमेष कुमार सिन्हा ने बताया कि इसके लिए 341.5 करोड़ रुपये का औपचारिक प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा गया है, जिस पर जल्द ही मंजूरी मिलने की उम्मीद है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रयासों से इस पहल को आगे बढ़ाया जा रहा है।
इस योजना के तहत संस्थान की सुविधाओं को आधुनिक बनाया जाएगा, हॉस्टलों का नवीनीकरण होगा और ट्रेनिंग के लिए नए उपकरण खरीदे जाएंगे। संस्थान में वेल्डिंग सिम्युलेटर और मेटलर्जिकल माइक्रोस्कोप जैसे अत्याधुनिक उपकरण पहले ही लगाए जा चुके हैं। इसका मुख्य उद्देश्य वंदे भारत और अन्य हाई-स्पीड ट्रेनों के सुरक्षित संचालन के लिए लोको पायलटों को सिम्युलेशन आधारित विशेष ट्रेनिंग देना है।
संस्थान में ट्रेनिंग लेने वाले लोगों की संख्या में तीन गुना बढ़ोतरी हुई है। अब यहाँ वेल्डिंग, हाइड्रोलिक्स, मेकाट्रोनिक्स और न्यूमेटिक्स जैसे विषयों पर शैक्षणिक सत्र शुरू किए जाएंगे। इसके जरिए युवाओं को हाई-टेक इंडस्ट्रियल रोल के लिए तैयार किया जाएगा।
IRIMEE अब आईआईटी पटना जैसे संस्थानों के साथ मिलकर काम करेगा और गति शक्ति यूनिवर्सिटी के दिशा-निर्देशों का पालन करेगा। इस पूरी कवायद का मकसद मानवीय गलतियों को कम करना और रेलवे सुरक्षा के मानकों को अंतरराष्ट्रीय स्तर तक ले जाना है।