शामिल हों! भागलपुर में मद्धेशिया वैश्य महासभा का दो दिवसीय महाधिवेशन

भागलपुर के चंपानगर स्थित श्री चंपापुर दिगंबर जैन सिद्ध क्षेत्र (बीसपंथी मंदिर) में 22 और 23 अगस्त को मद्धेशिया वैश्य महासभा का दो दिवसीय भव्य महाधिवेशन आयोजित किया गया। इस अधिवेशन में राज्य उपाध्यक्ष सुभाष मदेशिया और महासचिव कैलाश प्रसाद साह के साथ-साथ बिहार और देश भर से प्रतिनिधि शामिल हुए।
मुख्य बिंदु:
- मद्धेशिया वैश्य महासभा का दो दिवसीय महाधिवेशन भागलपुर में आयोजित।
- राजनीतिक प्रतिनिधित्व, शिक्षा, सुरक्षा और सामाजिक एकता पर हुई चर्चा।
- वैश्य समाज की सुरक्षा और आबादी के हिसाब से हिस्सेदारी की मांग उठाई गई।
राजनीतिक प्रतिनिधित्व और अधिकार
यह अधिवेशन समाज की वर्तमान स्थिति, राजनीतिक प्रतिनिधित्व, शिक्षा, सुरक्षा और सामाजिक एकता पर केंद्रित था। वक्ताओं ने 'जिसकी जितनी आबादी, उतनी हिस्सेदारी' के नारे पर जोर दिया। उन्होंने मांग की कि वैश्य समुदाय की उप-जातियों को सत्ता और राजनीतिक भागीदारी में उनका उचित हिस्सा दिया जाना चाहिए। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि समुदाय को अपनी राजनीतिक भागीदारी के साथ-साथ अपनी शैक्षणिक नींव को भी मजबूत करना चाहिए, और युवाओं से शिक्षा व सामाजिक पहलों में अधिक गहराई से जुड़ने का आग्रह किया।
सुरक्षा और समुदाय का विकास
प्रतिभागियों ने अपराध, डकैती, हत्या, अपहरण और शोषण की बढ़ती घटनाओं का हवाला देते हुए वैश्य समुदाय की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं उठाईं। उन्होंने मांग की कि सरकार समुदाय के सदस्यों को पर्याप्त सुरक्षा, संरक्षण और सम्मान प्रदान करे। महासभा के पदाधिकारियों ने बताया कि पंजीकरण संख्या S-3026 के तहत पंजीकृत यह संगठन समुदाय के समग्र विकास, सेवा और एकता के लिए समर्पित है। इस आयोजन के माध्यम से संगठन ने सामाजिक जागरूकता और एकता को बढ़ावा देने का संकल्प लिया, जिससे समुदाय को शिक्षा, राजनीति और समाज कल्याण के क्षेत्रों में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।