बिहार में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर एक अच्छी खबर सामने आई है। पूर्णिया जिला अगस्त महीने में दूर-दराज के इलाकों में आसानी से मेडिकल मदद पहुंचाने के मामले में बिहार में दूसरे स्थान पर पहुंच गया है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी यह रैंकिंग 16 मुख्य स्वास्थ्य पैमानों पर आधारित है। जिले ने लगातार सुधार किया है और जून में 12वें स्थान से जुलाई में 5वें और अब दूसरे स्थान पर पहुंच गया है।
जिले की कुल रैंकिंग के अलावा पूर्णिया के तीन प्रखंडों ने भी राज्य स्तर पर जगह बनाई है। कसबा ने दूसरा स्थान, केवनगर ने तीसरा और श्रीनगर ने बीसवां स्थान प्राप्त किया है।
वर्तमान में पूर्णिया जिले के 14 प्रखंडों में 364 आयुष्मान आरोग्य मंदिर चल रहे हैं। इनमें 294 स्वास्थ्य उप-केंद्र, 30 अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, 20 शहरी स्वास्थ्य और कल्याण केंद्र, और 8 शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं। सिविल सर्जन डॉ. प्रमोद कुमार कानोजिया के अनुसार, इन केंद्रों पर ओपीडी परामर्श, संस्थागत प्रसव, एएनसी जांच, टीकाकरण, टीबी और गैर-संचारी रोगों की जांच, परिवार नियोजन और आयुष्मान भारत का लाभ जैसी जरूरी सेवाएं मिलती हैं।
स्थानीय स्तर पर प्रशिक्षित डॉक्टरों और सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) द्वारा इलाज किया जाता है। जिन मरीजों को विशेष इलाज की जरूरत होती है, उनके लिए ब्लॉक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों या पूर्णिया के राजकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल से जोड़ने की व्यवस्था है। इसके अलावा ई-संजीवनी प्लेटफॉर्म के जरिए टेलीमेडिसिन की सुविधा भी उपलब्ध है।