भागलपुर के विक्रमशिला सेतु पर अब डिजिटल निगरानी की जाएगी। इसके लिए ब्रिज हेल्थ मॉनिटरिंग सिस्टम लगाया जा रहा है। अधिकारियों ने इसकी घोषणा की है। यह तकनीक पुल की मजबूती की हर समय जांच करेगी। इससे किसी भी खतरे का समय रहते पता चल पाएगा।
यह फैसला 3 मई 2026 को पुल का 34 मीटर हिस्सा गिरने के बाद चल रहे जरूरी मरम्मत कार्य के बीच आया है। ट्रैफिक चलाने के लिए अस्थायी बेली ब्रिज बनाए गए थे। स्थायी काम शुरू करने के लिए इन बेली ब्रिजों को 1 अक्टूबर 2026 से हटा दिया गया है।
इस काम की देखरेख बिहार राज्य पुल निर्माण निगम और स्थानीय प्रशासन कर रहे हैं। पास में गंगा डॉल्फिन अभयारण्य होने के कारण इस पर बहुत सख्त नियम लागू हैं। भारतीय अंतरदेशीय जलमार्ग प्राधिकरण और राष्ट्रीय हरित अधिकरण इस काम पर नजर रख रहे हैं। इसलिए यहां खास और कम असर डालने वाली तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है।
जिला मजिस्ट्रेट अलंकृता पांडे और एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ट्रैफिक व्यवस्था और वैकल्पिक नाव सेवाओं को संभाल रहे हैं। इस पूरे प्रोजेक्ट को पूरा करने की अंतिम तारीख 31 दिसंबर 2026 तय की गई है।