भागलपुर के काथलबारी स्थित बालाजी नर्सिंग होम में रविवार को बच्चे के जन्म के बाद 22 साल की महिला अनुमेहा प्रिया की मौत हो गई। मृतका गोपालपुर थाना क्षेत्र के सुक्तिया बाजार की रहने वाली थी। घटना रात करीब तीन बजे हुई। तबीयत तेजी से बिगड़ने के बाद मरीज को मायागंज अस्पताल रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
- गोपालपुर थाना क्षेत्र के सुक्तिया बाजार की रहने वाली थी 22 साल की अनुमेha प्रिया।
- काथलबारी के बालाजी नर्सिंग होम में रविवार तड़के करीब तीन बजे हुई घटना।
- परिजनों ने नर्सिंग होम में तोड़फोड़ की और डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाया।
- दोनों पक्षों में समझौता हुआ, पुलिस में कोई लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई।
मृतका के पिता देवेंद्र कुमार सोनी ने डॉ. अनुपमा सिंह पर लापरवाही का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि प्रसव के बाद उनकी बेटी और नवजात दोनों की सेहत अच्छी थी। उन्होंने दावा किया कि अस्पताल के कर्मचारियों ने खून की मांग की, जिसे जीरो माइल के पास एक निजी सुविधा से मंगवाया गया था। सोनी के अनुसार, खून चढ़ाने के बाद मरीज का ब्लड प्रेशर तेजी से गिरने लगा, जिसके बाद उसे मायागंज अस्पताल रेफर किया गया।
नर्सिंग होम के संचालक डॉ. गोपाल शरण सिंह ने बताया कि यह महिला का दूसरा प्रसव था और पहला प्रसव सिजेरियन सेक्शन से हुआ था। उन्होंने कहा कि रविवार को उसका सामान्य प्रसव हुआ था, लेकिन उन्हें मायागंज अस्पताल से सूचित किया गया कि पिछले सिजेरियन के कारण दूसरे जन्म के दौरान गर्भाशय फट गया था, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई। मायागंज अस्पताल की स्त्री रोग विभाग की अध्यक्ष डॉ. अनुपमा सिन्हा ने कहा कि उन्हें इस मामले की कोई जानकारी नहीं है और वे ड्यूटी पर मौजूद सर्जन से मौत के कारण की जानकारी लेंगी।
घटना के बाद मौत से आक्रोशित मृतका के परिजनों ने काथलबारी स्थित नर्सिंग होम में लौटकर तोड़फोड़ की और चिकित्सकीय लापरवाही का आरोप लगाया। बरारी थाने की स्थानीय पुलिस को स्थिति की सूचना दी गई। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के कई पदाधिकारी भी क्लिनिक पहुंचे। सभी पक्षों के बीच बातचीत के बाद मामला सुलझ गया और परिवार व डॉक्टर के बीच समझौता हो गया। किसी भी पक्ष ने पुलिस के पास औपचारिक लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई है।