दुमका और पटना के बीच चलने वाली ट्रेन नंबर 13333/34 के परिचालन में पिछले एक महीने से कोई सुधार नहीं देखा गया है। यह ट्रेन लगातार 4 से 6 घंटे की देरी से चल रही है, जिससे इस रूट पर सफर करने वाले यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बुधवार को भी 13334 डाउन पटना-दुमका एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय सुबह 10:30 बजे के बजाय दोपहर 2:30 बजे भागलपुर पहुंची। इसके कारण वापसी में 13333 अप ट्रेन भी अपने तय समय से एक घंटा देरी से रवाना हुई।
ट्रेनों की देरी के पीछे क्या हैं मुख्य कारण?
रेलवे अधिकारियों के बीच देरी के कारणों को लेकर अलग-अलग जानकारी सामने आ रही है। आसनसोल मंडल के अधिकारियों का कहना है कि यह East Central Railway की ट्रेन है और पटना से ही देरी से चलने के कारण इसका असर दुमका से वापसी यात्रा पर पड़ता है। वहीं भागलपुर के स्थानीय अधिकारियों ने बंधुआ और जातुडुमरी जंक्शन के बीच चल रहे इंटरलॉकिंग कार्य को देरी की मुख्य वजह बताया है। रेलवे प्रशासन ने 1 जनवरी 2026 से समय सारणी में बदलाव भी किया था, लेकिन स्थिति में कोई खास बदलाव नहीं आया है।
- इंटरलॉकिंग कार्य: विकास कार्यों के कारण सेक्शन में ट्रेन की गति प्रभावित हो रही है।
- रैक शेयरिंग: एक दिशा से ट्रेन लेट होने पर वापसी में भी देरी होना तय होता है।
- समय सारणी: नए टाइम टेबल के बावजूद परिचालन पटरी पर नहीं लौट पाया है।
अन्य ट्रेनों के परिचालन पर भी पड़ा बुरा असर
बुधवार को सिर्फ दुमका-पटना एक्सप्रेस ही नहीं, बल्कि अन्य महत्वपूर्ण ट्रेनें भी अपने समय से पीछे रहीं। रेलवे की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार भागलपुर और आसपास के स्टेशनों पर कई यात्री घंटों तक ट्रेनों का इंतजार करते दिखे। अधिकारी फिलहाल इस बारे में कुछ भी स्पष्ट कहने की स्थिति में नहीं हैं कि यह काम कब तक पूरा होगा और ट्रेनें कब से समय पर चलेंगी।
| ट्रेन का नाम | कितनी हुई देरी |
|---|---|
| 13334 पटना-दुमका एक्सप्रेस | 4 घंटे |
| रामपुरहाट-गया पैसेंजर | 2 घंटे |
| विक्रमशिला एक्सप्रेस | 45 मिनट |






