भागलपुर जिले में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर एक गंभीर संकट खड़ा हो गया है। जिला परिवहन विभाग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, पूरे जिले में केवल 124 वाहन ही स्कूल ट्रांसपोर्ट के लिए रजिस्टर्ड हैं। इसके बावजूद रोजाना 4,000 से ज्यादा वैन, मैजिक और ऑटो बच्चों को स्कूल ले जा रहे हैं। जांच में पता चला है कि इनमें से 60 फीसदी गाड़ियों का फिटनेस फेल है और उनके पास बीमा भी नहीं है। कई गाड़ियों के फिटनेस सर्टिफिकेट तो 8 से 10 साल पहले ही खत्म हो चुके हैं।
अनफिट गाड़ियों का डरावना आंकड़ा और सुरक्षा में चूक
सड़कों पर चल रहे वाहनों की स्थिति बेहद चिंताजनक है। रैंडम चेकिंग के दौरान पाया गया कि 5 में से 4 गाड़ियां फिटनेस और बीमा के मानकों पर खरी नहीं उतरीं। इन गाड़ियों में बच्चों को क्षमता से डेढ़ गुना ज्यादा भरा जाता है और खिड़कियों पर सुरक्षा जाली भी नहीं लगी होती है। भागलपुर क्षेत्र में अनफिट गाड़ियों की संख्या हजारों में है, जिसका विवरण नीचे दिया गया है:
| वाहन का प्रकार | फिटनेस फेल वाहनों की संख्या |
|---|---|
| बसों की संख्या | 907 |
| मोटरकार | 1,299 |
| ई-रिक्शा | 13,000 से अधिक |
| पैसेंजर ऑटो (थ्री-व्हीलर) | 21,000 से अधिक |
2026 सत्र के लिए नए कड़े नियम और जुर्माना
बिहार परिवहन विभाग ने अब स्कूल परिवहन में ऑटो और ई-रिक्शा के इस्तेमाल पर पूरी तरह रोक लगा दी है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि अब केवल वही वाहन चलेंगे जिनमें VLTD, पैनिक बटन, GPS और CCTV कैमरे लगे होंगे। साथ ही स्कूल बसों में स्पीड गवर्नर लगाना अनिवार्य है ताकि रफ्तार 40 किमी प्रति घंटा से ज्यादा न हो।
- फिटनेस सेंटर विवाद: जगतपुर स्थित फिटनेस सेंटर में जांच के नाम पर 10,215 रुपये वसूले जा रहे हैं, जबकि अन्य जिलों में यह खर्च करीब 4,500 रुपये है।
- ड्राइवर वेरिफिकेशन: अब ड्राइवरों का पुलिस वेरिफिकेशन जरूरी है। POCSO एक्ट या बार-बार ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले ड्राइवर गाड़ियां नहीं चला पाएंगे।
- प्रशासनिक एक्शन: DTO जनार्दन कुमार ने बताया कि विशेष टीमें अब सड़कों पर सघन चेकिंग करेंगी और अनफिट गाड़ियों को सीधे जब्त किया जाएगा।
परिवहन विभाग ने चेतावनी दी है कि जो स्कूल अनफिट गाड़ियों का इस्तेमाल जारी रखेंगे, उन पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि फिटनेस सेंटर के बंद होने की वजह से अनफिट गाड़ियों की संख्या बढ़ी थी, लेकिन अब किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।






