बिहार के भागलपुर शहर के लिए मेट्रो परियोजना को लेकर एक बड़ी अपडेट सामने आई है। इस परियोजना पर काम काफी तेजी से आगे बढ़ा था। रेल इंडिया टेक्निकल एंड इकोनॉमिक सर्विस (RITES) ने मेट्रो के लिए सर्वेक्षण का काम पूरा कर लिया था और अब विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जा रही थी।
इस खबर से भागलपुर के लोगों में बेहतर परिवहन व्यवस्था को लेकर नई उम्मीद जगी थी।
भागलपुर मेट्रो का सर्वे किसने किया था?
मेट्रो परियोजना का सर्वेक्षण कार्य RITES द्वारा पूरा किया गया था। यह संस्था रेल मंत्रालय के अधीन एक प्रतिष्ठित सरकारी संगठन है, जो देशभर में बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर काम करती है।
DPR और मंजूरी प्रक्रिया में क्या अपडेट था?
परियोजना से जुड़े आधिकारिक अपडेट के अनुसार:
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DPR का ड्राफ्ट फरवरी 2025 के अंत तक तैयार होने की उम्मीद बताई गई थी
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इसके बाद DPR को राज्य और केंद्र सरकार की मंजूरी के लिए भेजा जाना था
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जुलाई 2024 में बिहार कैबिनेट ने OAP और AAR तैयार करने के लिए ₹7.02 करोड़ की मंजूरी दी थी
इससे साफ होता है कि परियोजना को सरकार स्तर पर गंभीरता से आगे बढ़ाया जा रहा था।
मेट्रो एलिवेटेड होगी या अंडरग्राउंड?
योजना के अनुसार:
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शहर में अधिकतर मेट्रो लाइन एलिवेटेड (ऊपर बने ट्रैक पर) चलाई जानी थी
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भीड़भाड़ वाले इलाकों में जरूरत पड़ने पर कुछ हिस्सों में अंडरग्राउंड मेट्रो भी बनाई जानी थी
कुल लागत और सेवा शुरू होने की संभावित समय-सीमा
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अनुमानित कुल लागत: करीब ₹5,900 करोड़
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मेट्रो सेवा शुरू होने की उम्मीद: साल 2030 तक
भागलपुर मेट्रो का रूट, लंबाई और स्टेशन
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| कुल कॉरिडोर | 2 |
| कुल लंबाई | लगभग 24 किलोमीटर |
| कुल स्टेशन | 22 |
| पहला कॉरिडोर (ईस्ट–वेस्ट) | लगभग 17 किमी, सबौर के सैदपुर से नाथनगर के चंपानगर तक, 16 स्टेशन |
| दूसरा कॉरिडोर (नॉर्थ–साउथ) | भागलपुर स्टेशन से वास्तु विहार तक |
इंटरचेंज, डिपो और तकनीक को लेकर योजना
परियोजना से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण प्रस्ताव:
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भागलपुर स्टेशन चौक पर इंटरचेंज स्टेशन बनाने की योजना
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टीएनबी कॉलेज के पास भूमिगत मेट्रो स्टेशन का सुझाव
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मेट्रो डिपो के लिए भूमि अधिग्रहण की योजना:
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सैदपुर में 20 हेक्टेयर
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वास्तु विहार के पास 12 हेक्टेयर
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परिचालन में आधुनिक थर्ड रेल सिस्टम तकनीक के उपयोग का विकल्प
क्यों जरूरी है भागलपुर मेट्रो परियोजना?
अगर यह परियोजना जमीन पर उतरती है तो:
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ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी
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रोजाना सफर आसान और तेज होगा
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व्यापार और रियल एस्टेट को बढ़ावा मिलेगा
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शहर का इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा
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भागलपुर को स्मार्ट सिटी जैसी पहचान मिलेगी






