भागलपुर से अमरपुर वाया कजरैली होकर गुजरने वाली एसएच-25 सड़क के चौड़ीकरण का काम फिलहाल रुक गया है। मुख्यमंत्री की प्रगति यात्रा के दौरान स्वीकृत हुई यह महत्वपूर्ण परियोजना जमीन की कमी के कारण अधर में लटकी है। पथ निर्माण विभाग ने इस मामले में जिलाधिकारी से 9.60 हेक्टेयर गैर-वन भूमि उपलब्ध कराने की मांग की है ताकि वन विभाग से जुड़ी औपचारिकताओं को पूरा किया जा सके।
📰: भागलपुर में जमीन-मकान की रजिस्ट्री से भरा सरकारी खजाना, एक साल में आए 290 करोड़ रुपये।
परियोजना की वर्तमान स्थिति और चुनौतियां
इस सड़क के चौड़ीकरण के लिए वन भूमि का उपयोग किया जाना है, जिसके बदले नियम के अनुसार उतनी ही गैर-वन भूमि विभाग को देनी होती है। इसी वैकल्पिक जमीन के न मिल पाने की वजह से काम आगे नहीं बढ़ पा रहा है। भागलपुर और अमरपुर के बीच यातायात के बढ़ते दबाव को देखते हुए यह प्रोजेक्ट काफी अहम माना जा रहा है, लेकिन देरी की वजह से आम लोगों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रोजेक्ट से जुड़े महत्वपूर्ण आंकड़े
इस सड़क परियोजना को लेकर विभाग ने पूरी तैयारी कर ली है और टेंडर की प्रक्रिया भी अंतिम चरणों में है। नीचे दी गई तालिका में इस प्रोजेक्ट की मुख्य जानकारी दी गई है:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कुल लंबाई | 44.30 किलोमीटर |
| चौड़ाई का लक्ष्य | 10 मीटर |
| अनुमानित लागत | लगभग 239 करोड़ रुपये |
| कुल पेड़ों की संख्या | 4257 |
| काटने वाले पेड़ | 2627 |
| ट्रांसलोकेट होने वाले पेड़ | 1630 |
क्या होगा आगे का कदम
पथ निर्माण विभाग ने जिला प्रशासन से आग्रह किया है कि वह जल्द से जल्द वैकल्पिक जमीन चिन्हित कर उसे विभाग को सौंप दे। दिसंबर 2025 में इस प्रोजेक्ट के लिए तकनीकी बिड का मूल्यांकन किया गया था और वित्तीय बिड खुलने की उम्मीद थी। हालांकि, जमीन की समस्या हल होने के बाद ही मौके पर निर्माण कार्य गति पकड़ सकेगा। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से बांका और भागलपुर के बीच की कनेक्टिविटी काफी बेहतर हो जाएगी।






