भागलपुर में अपराध पर लगाम लगाने और होली जैसे त्योहारों के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) प्रमोद कुमार यादव के निर्देश पर जिले के सभी 44 थाना क्षेत्रों में ‘रोको-टोको’ अभियान की शुरुआत की गई है। इस अभियान का मुख्य मकसद सड़क पर होने वाले अपराध जैसे चेन स्नेचिंग और लूटपाट को रोकना है। पुलिस अब शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर मुस्तैद रहकर आने-जाने वालों की जांच कर रही है।
किन गलतियों पर कितना देना होगा जुर्माना?
पुलिस ने अब डिजिटल निगरानी और सख्त चेकिंग शुरू कर दी है। अगर आप सड़क पर गाड़ी लेकर निकल रहे हैं, तो इन नए जुर्मानों के बारे में जरूर जान लें ताकि आपकी जेब ढीली न हो:
| उल्लंघन (Violation) | जुर्माना राशि (Fine) |
|---|---|
| मॉडिफाइड साइलेंसर | ₹10,000 तक |
| बिना हेलमेट / ट्रिपल राइडिंग | ₹1,000 |
| मोबाइल पर बात करना | ₹5,000 तक |
| रेड लाइट जंप | ₹1,000 से ₹5,000 |
| सीटबेल्ट नहीं लगाना (कार) | ₹1,000 |
इसके अलावा, बिहार उत्पाद अधिनियम के तहत शराब की तस्करी या सेवन करते पकड़े जाने पर 5 साल की जेल और ₹1 लाख तक के जुर्माने का भी प्रावधान सख्ती से लागू रहेगा।
कब और कहां चलेगा यह खास अभियान?
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने चेकिंग के लिए दो प्रमुख समय निर्धारित किए हैं। यह जांच मुख्य रूप से मुजाहिदपुर, बबरगंज और इसाकचक जैसे इलाकों में ज्यादा होगी, जिन्हें ‘रेड जोन’ माना गया है।
- सुबह का समय: 11:00 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक
- शाम का समय: 4:00 बजे से शाम 7:00 बजे तक
तिलकामांझी, कचहरी चौक, घंटाघर और जीरो माइल पर लगे हाई-डेफिनेशन कैमरों से भी नियमों को तोड़ने वालों पर नजर रखी जा रही है और ई-चालान भेजा जा रहा है।
बॉडी वियर कैमरे से लैस होगी पुलिस
इस बार चेकिंग के दौरान पारदर्शिता बनाए रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस और अन्य अधिकारियों को बॉडी वियर कैमरों (Body-Worn Cameras) से लैस किया गया है। इसका मतलब है कि चेकिंग के दौरान पुलिस और पब्लिक के बीच होने वाली हर बातचीत रिकॉर्ड होगी। सिटी डीएसपी अजय चौधरी और सभी थानेदारों को इस अभियान को सख्ती से लागू करने की जिम्मेदारी दी गई है। लोगों से अपील की गई है कि वे अपने साथ ड्राइविंग लाइसेंस और गाड़ी के कागज हमेशा रखें।






