फरवरी का महीना आधा बीत चुका है, लेकिन मौसम अभी भी लोगों को राहत देने के मूड में नहीं है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने देश के 11 राज्यों में मौसम बदलने की चेतावनी दी है। एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय हो रहा है, जिससे उत्तर भारत के कई हिस्सों में फिर से ठंड, आंधी और बारिश का दौर शुरू हो सकता है। बंगाल की खाड़ी में बन रहे कम दबाव के क्षेत्र का असर भी मैदानी इलाकों में देखने को मिलेगा।
किन राज्यों में बदलेगा मौसम का मिजाज?
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि 16 फरवरी से एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय होगा। इसका सीधा असर पहाड़ी और मैदानी दोनों तरह के राज्यों पर पड़ेगा। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है। जिन राज्यों को अलर्ट पर रखा गया है, वे इस प्रकार हैं:
- उत्तर भारत: पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख।
- अन्य राज्य: मध्य प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह।
इन इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है।
यूपी और बिहार के लोगों के लिए खास अपडेट
बिहार और उत्तर प्रदेश के निवासियों को अगले कुछ दिनों तक सावधान रहने की जरूरत है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 17 और 18 फरवरी को आंधी और बारिश होने की प्रबल संभावना है। वहीं, बिहार में भी मौसम करवट लेगा। यहाँ कोहरा बढ़ने के साथ-साथ तापमान में बदलाव आएगा। उत्तर भारत के लगभग 29 जिलों में घने कोहरे का अलर्ट जारी है, जिससे सुबह के समय दृश्यता (visibility) कम हो सकती है।
किसानों और आम जनता के लिए सलाह
मौसम में अचानक आए इस बदलाव का सीधा असर सेहत और खेती पर पड़ सकता है। डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि गर्मी के बाद अचानक ठंड और बारिश आने से मौसमी बीमारियों जैसे फ्लू और सर्दी-जुकाम का खतरा बढ़ जाता है।
किसानों, विशेषकर पंजाब, हरियाणा और यूपी के गेहूं उत्पादकों को सलाह दी गई है कि वे बारिश के पूर्वानुमान को देखते हुए ही सिंचाई का काम करें। पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वाले लोगों को बर्फबारी और रास्तों के बंद होने की संभावना को ध्यान में रखकर ही घर से निकलने को कहा गया है।






