क्या है अंदर:
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने गृह विभाग का नियंत्रण अपने उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को सौंप दिया है। यह बदलाव राजनीतिक हलचल के बीच हो रहा है।
पटना में एक बड़ा प्रशासनिक बदलाव हुआ है। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गृह विभाग का नियंत्रण अपने उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को सौंप दिया है। नीतीश कुमार ने यह विभाग 2005 से अपने पास रखा था।
गृह विभाग अब सम्राट चौधरी के पास है, जो बीजेपी के प्रमुख चेहरों में से एक हैं। उन्हें 2023 में बिहार बीजेपी का अध्यक्ष बनाया गया था। अब उनके पास पुलिस और कानून व्यवस्था पर व्यापक अधिकार होंगे।
यह बदलाव ऐसे समय में हुआ है जब बिहार की सरकार पर गहरी नजर रखी जा रही है। सम्राट चौधरी पर कुछ विवाद भी हैं, जिसमें 1995 के एक मामले में उनका नाम शामिल है। हालाँकि, उन्होंने हमेशा आरोपों से इनकार किया है।
सम्राट चौधरी की राजनीतिक यात्रा काफी दिलचस्प रही है। उन्होंने 1999 में आरजेडी से करियर शुरू किया और कई पदों पर काम करने के बाद 2017 में बीजेपी में शामिल हुए। अब वह कानून-व्यवस्था के प्रमुख बन गए हैं।
यह बदलाव नीतीश कुमार के लिए एक बड़ा कदम है, क्योंकि वह अक्सर महत्वपूर्ण विभागों को अपने पास रखते थे। यह बीजेपी की शक्ति को भी दर्शाता है, क्योंकि अब उनके पास और अधिक अधिकार हैं और यह देखना होगा कि इससे बिहार की राजनीति पर क्या असर पड़ेगा।
सारांश:
- नीतीश कुमार ने गृह विभाग का नियंत्रण सम्राट चौधरी को सौंपा।
- सम्राट चौधरी बीजेपी के प्रमुख नेता हैं और अब कानून व्यवस्था के प्रभारी हैं।
- 1995 के विवादास्पद मामले में सम्राट का नाम आया था, लेकिन उन्होंने आरोपों से इनकार किया है।
- सम्राट की राजनीतिक यात्रा आरजेडी से शुरू हुई थी और वे 2017 में बीजेपी में शामिल हुए।
- यह परिवर्तन बिहार की राजनीति पर गहरा असर डाल सकता है।






