भागलपुर नगर निगम ने स्वच्छता सर्वेक्षण-2026 को लेकर अपनी तैयारी तेज कर दी है। शहर को साफ-सुथरा रखने के लिए निगम ने कड़े नियम लागू किए हैं और गंदगी फैलाने वालों पर जुर्माना लगाने का फैसला किया है। अप्रैल महीने में केंद्रीय टीम शहर का निरीक्षण करने आएगी, जिसे देखते हुए यह सख्ती बरती जा रही है। म्युनिसिपल कमिश्नर किसलय कुशवाहा ने सभी नागरिकों से सहयोग की अपील की है और नियमों का पालन न करने पर सख्त कार्रवाई की बात कही है।
सड़क पर थूकने और प्लास्टिक फेंकने पर कितना लगेगा जुर्माना?
निगम ने शहर को ‘रेड स्पॉट फ्री’ घोषित कर दिया है, जिसका मतलब है कि अब खुले में थूकना मना है। अगर कोई सड़क या सार्वजनिक जगह पर थूकते हुए पकड़ा गया तो उसे 100 रुपये का जुर्माना देना होगा। इसके अलावा, प्लास्टिक कचरे को लेकर भी नियम बहुत सख्त बनाए गए हैं। नदी या नालों में प्लास्टिक फेंकने या उसे खुले में जलाने पर 5000 रुपये का भारी भरकम जुर्माना लगाया जाएगा। बूढ़ानाथ मंदिर और अन्य धार्मिक स्थलों पर गंदगी फैलाने पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
सेप्टिक टैंक सफाई का रेट हुआ फिक्स, जानिए नया नियम
शहर में सेप्टिक टैंक की सफाई के लिए अब आम लोगों को मनमाना पैसा नहीं देना होगा। नगर निगम या रजिस्टर्ड निजी गाड़ी से सफाई करवाने पर 1600 रुपये का सरकारी शुल्क तय किया गया है। जो भी निजी गाड़ियां सफाई का काम कर रही हैं, उन्हें निगम में रजिस्ट्रेशन करवाना अनिवार्य कर दिया गया है। इसके साथ ही, अगर कोई खुले नाले या पानी में सीवेज का गंदा पानी बहाता है, तो उस पर 1600 से 2500 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। फिलहाल शहर के 13 वार्डों को ओडीएफ प्लस बनाने की प्रक्रिया चल रही है।






