भागलपुर के नवगछिया पुलिस लाइन से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। बिहार में शराबबंदी कानून का पालन कराने की जिम्मेदारी जिन पुलिसवालों पर है, वही खुद शराब पीते पकड़े गए हैं। शुक्रवार की सुबह नवगछिया में एक दरोगा (SI) और जवान (Jawan) साथ में शराब पी रहे थे। इसी दौरान किसी बात पर दोनों में झगड़ा शुरू हो गया और नशे में धुत दरोगा ने जवान को चाकू मारकर बुरी तरह घायल कर दिया। पुलिस ने आरोपी दरोगा को गिरफ्तार कर लिया है और मेडिकल जांच में शराब पीने की पुष्टि भी हो गई है।
क्या है पूरा मामला और कैसे हुई घटना?
यह घटना शुक्रवार सुबह करीब 7 बजे नवगछिया के नोनियापट्टी मार्केट इलाके की है। जानकारी के मुताबिक, नवगछिया पुलिस लाइन में तैनात PTC Jawan विशाल कुमार और SI जयराम मांझी वहां मिले थे। दोनों एक साथ बैठकर शराब का सेवन कर रहे थे। बताया जा रहा है कि इसी बीच पैसों के लेनदेन या किसी मजाक को लेकर दोनों में कहासुनी हो गई।
विवाद इतना बढ़ गया कि दरोगा जयराम मांझी ने आपा खो दिया और पास में मौजूद चाकू से विशाल कुमार के पेट और पीठ पर कई वार कर दिए। घटना की खबर मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। आरोपी दरोगा का जब अनुमंडलीय अस्पताल में मेडिकल टेस्ट कराया गया, तो उनके शरीर में 57 mg/10 ml अल्कोहल की मात्रा पाई गई। इसके बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया।
घायल जवान की हालत और पुलिस की कार्रवाई
चाकू लगने से घायल जवान विशाल कुमार की हालत गंभीर बनी हुई है। उन्हें शुरुआती इलाज के बाद भागलपुर के मायागंज अस्पताल (Mayaganj Hospital) रेफर कर दिया गया। परेशानी तब और बढ़ गई जब घायल जवान को ले जा रही एंबुलेंस विक्रमशिला सेतु पर लगे भीषण जाम में करीब 30 मिनट तक फंसी रही। एंबुलेंस में उस वक्त सिर्फ एक चौकीदार मौजूद था।
इस मामले में पुलिस विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। नवगछिया SDPO ओमप्रकाश कुमार ने मामले की जांच के लिए एक टीम का गठन किया है। बिहार सरकार के ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत शराब पीने वाले पुलिसकर्मियों पर सीधे बर्खास्तगी (Dismissal) की कार्रवाई होती है। आरोपी दरोगा जयराम मांझी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है और उन्हें सस्पेंड करने की प्रक्रिया चल रही है। साथ ही उन पर जानलेवा हमला करने का केस भी दर्ज किया जा रहा है।






