भागलपुर पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई की है। आदमपुर इलाके के एक बुजुर्ग से ‘डिजिटल अरेस्ट’ के नाम पर 1.20 करोड़ रुपये ठगने के मामले में पुलिस को सफलता मिली है। पुलिस की विशेष टीम ने मधुबनी जिले के छिछुआडीह गांव में छापा मारकर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर की गई है।
कैसे हुई थी इतनी बड़ी ठगी?
यह मामला दिसंबर 2025 का है जब आदमपुर निवासी नलीन कुमार राय को ठगों ने अपना शिकार बनाया था। जालसाजों ने खुद को CBI का अधिकारी बताकर उन्हें फोन किया। उन्होंने बुजुर्ग को ‘डिजिटल अरेस्ट’ का डर दिखाया और कहा कि उनके खिलाफ एक जांच चल रही है। अपराधियों ने रौब जमाते हुए पीड़ित को डराया और उनसे 1.20 करोड़ रुपये ट्रांसफर करवा लिए।
पुलिस की जांच और गिरफ्तारी
ठगी की शिकायत मिलने के बाद साइबर थाना की टीम ने जांच शुरू की थी। तकनीकी जांच के आधार पर पुलिस को पता चला कि इस गिरोह के तार मधुबनी से जुड़े हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने मधुबनी के छिछुआडीह गांव में दबिश दी और एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अभी इस गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में पता लगा रही है।
शहर में बढ़ रहे हैं साइबर अपराध
भागलपुर में पिछले कुछ समय से ऑनलाइन ठगी के बड़े मामले सामने आए हैं। दिसंबर 2025 में ही एक बैंक मैनेजर से फर्जी इन्वेस्टमेंट ऐप के जरिए 1.11 करोड़ रुपये की ठगी हुई थी। पुलिस अब ऐसे मामलों में तेजी से कार्रवाई कर रही है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे किसी भी अनजान कॉल या वीडियो कॉल पर भरोसा न करें और सतर्क रहें।






