भागलपुर में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। SDM कार्यालय में तैनात लिपिक मयंक कुमार और स्टेनो प्रेम कुमार को 70 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया। यह पूरी कार्रवाई सेवा संपुष्टि के नाम पर मांगी गई रिश्वत को लेकर हुई। निगरानी विभाग की टीम ने जाल बिछाकर इन दोनों को दबोचा और रिश्वत की राशि भी बरामद कर ली है।
रिश्वतखोरी के मामले में कैसे हुई गिरफ्तारी?
निगरानी विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि SDM कार्यालय के कर्मचारी काम के बदले पैसे की मांग कर रहे हैं। इसके बाद विभाग ने एक विशेष टीम का गठन किया और जाल बिछाया। टीम ने Mayank Kumar और Prem Kumar को उस समय रंगे हाथ पकड़ा जब वे ₹70,000 की नकद राशि ले रहे थे। विभाग ने उनके पास से पूरी रकम बरामद की है और उन्हें हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।
गिरफ्तारी और घटना से जुड़ी मुख्य जानकारी
इस मामले में पकड़े गए दोनों कर्मचारी कार्यालय के महत्वपूर्ण कार्यों को संभालते थे। निगरानी विभाग की इस कार्रवाई से कार्यालय परिसर में हड़कंप मच गया है। घटना से जुड़े मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| घटना का स्थान | SDM कार्यालय, भागलपुर |
| गिरफ्तार कर्मचारी | Mayank Kumar (Clerk), Prem Kumar (Steno) |
| रिश्वत की राशि | ₹70,000 |
| वजह | सेवा संपुष्टि (Service Confirmation) के लिए |
| तारीख | 30 मार्च 2026 |
निगरानी विभाग की टीम ने बताया कि भ्रष्टाचार के खिलाफ उनकी यह मुहिम आगे भी जारी रहेगी। पकड़े गए दोनों आरोपियों को पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत में भेजने की तैयारी की जा रही है।






