भागलपुर के मायागंज अस्पताल (JLNMCH) में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ इलाज के लिए भर्ती एक महिला मरीज के परिजन को खून की जरूरत थी, लेकिन मदद के नाम पर एक युवक ने उनसे छह हजार रुपये ठग लिए। पैसे लेते ही वह युवक मौके से फरार हो गया, जिसके बाद पीड़िता ने बरारी पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है।

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कैसे हुई ठगी और क्या है पूरा मामला?

महिला मरीज अस्पताल में भर्ती थी और उसे खून की सख्त जरूरत थी। इसी परेशानी के दौरान एक अज्ञात युवक खुद को अस्पताल का ‘हेल्पर’ बताकर उनके पास आया। उसने परिजनों को भरोसा दिलाया कि वह जल्दी खून (Blood Unit) का इंतजाम करवा देगा। परिजनों ने उसकी बातों पर विश्वास करके उसे छह हजार रुपये नकद दे दिए। पैसे हाथ में आते ही वह युवक वहां से गायब हो गया। काफी देर इंतजार करने के बाद जब वह नहीं लौटा और उसका कोई पता नहीं चला, तब परिजनों को ठगी का अहसास हुआ।

पुलिस की कार्रवाई और सीसीटीवी जांच

ठगी का शिकार होने के बाद महिला ने तुरंत बरारी थाना पुलिस को इसकी जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम अस्पताल पहुंची और देर रात तक आरोपी की तलाश करती रही। पुलिस अब अस्पताल के प्रवेश द्वार और Blood Bank के आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) फुटेज खंगाल रही है ताकि उस दलाल की पहचान की जा सके। पुलिस का कहना है कि आरोपी को जल्द ही पकड़ लिया जाएगा।

सावधान रहने की जरूरत

मायागंज अस्पताल में पिछले कुछ दिनों में ठगी की यह तीसरी घटना है। इससे पहले फर्जी डॉक्टर और ब्लड टेस्ट के नाम पर भी वसूली की ख़बरें आ चुकी हैं। आम जनता को यह जानकारी होनी चाहिए कि:

  • सरकारी अस्पताल में खून ‘रिप्लेसमेंट डोनर’ के बदले मुफ्त या बहुत कम सरकारी शुल्क पर मिलता है।
  • किसी भी ‘हेल्पर’ या बाहरी व्यक्ति को नकद पैसे न दें।
  • खून की जरूरत होने पर सीधे अस्पताल के Blood Bank काउंटर पर ही संपर्क करें।

Puja Kanjani Covers Bhagalpur Local Updates and Bihar Level Important News. Ex Jagran Media and IndiaTV Journalist.

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